AI से रिश्ते: अकेलेपन में सहारा या खतरे की घंटी? अकेलेपन से जूझ रहे लोग चैटबॉट्स और AI की ओर क्यों हो रहे हैं आकर्षित
क्या आपने कभी तनाव, अकेलेपन या उलझन के क्षणों में किसी AI चैटबॉट से बातचीत की है? अगर हाँ, तो आप अकेले नहीं हैं। आज लाखों लोग अपने मन की बात कहने, भावनात्मक सहारा पाने और अकेले समय को भरने के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) की ओर रुख कर रहे हैं। यह प्रवृत्ति विशेष रूप से युवाओं और वरिष्ठ नागरिकों में तेज़ी से बढ़ रही है।
AI: बिना सवाल के संवेदनशील साथी
AI-आधारित सिस्टम्स उपयोगकर्ता की भाषा, मूड और भावनात्मक संकेतों के अनुसार प्रतिक्रिया देते हैं। वे न सवाल पूछते हैं, न आलोचना करते हैं और न ही दूरी बनाते हैं। यही सहजता और लगातार उपलब्धता उन्हें कई बार वास्तविक मानवीय रिश्तों का विकल्प बना देती है।
जापान की कानो की कहानी इस बदलते यथार्थ का मार्मिक उदाहरण है। टूटे हुए रिश्ते और गहरे भावनात्मक आघात के बाद उन्होंने ChatGPT को अपना सहारा बनाया। शुरू में यह...










