
केरल में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस की एक महत्वपूर्ण बैठक में शामिल न होने के शशि थरूर के फैसले को लेकर पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद संदीप दीक्षित ने उन पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है।
पूर्वी दिल्ली के पूर्व सांसद संदीप दीक्षित ने न्यूज एजेंसी एआईएनएस से बातचीत में कहा, “केरल में कांग्रेस के जितने भी मजबूत और प्रासंगिक नेता हैं, वे सभी बैठक में शामिल हो रहे हैं। जो कांग्रेस के लिए प्रासंगिक नहीं हैं और बड़े नेता नहीं माने जाते, उनका आने या न आने से कोई फर्क नहीं पड़ता।”
थरूर के कांग्रेस में अपनी मौजूदा स्थिति को लेकर असंतुष्ट होने की चर्चाएं लंबे समय से हैं। खबरों के अनुसार, कोच्चि यात्रा के दौरान राहुल गांधी से मुलाकात न होने पर थरूर नाराज थे। इसी कारण उन्होंने केरल की बैठक में भाग लेने के बजाय केरल लिटरेचर फेस्टिवल में हिस्सा लेने का निर्णय लिया।
शशि थरूर ने कई मौकों पर पार्टी में अपनी भूमिका और केरल कांग्रेस के नेतृत्व पर सवाल उठाए हैं। इसके अलावा उन्होंने केंद्र और राज्य सरकारों की कुछ नीतियों, जैसे रूस-यूक्रेन युद्ध में भारत की प्रतिक्रिया, कोविड वैक्सीन और ‘ऑपरेशन सिंदूर’ पर मोदी सरकार की सराहना की, जिससे पार्टी में उनके प्रति दूरी बनी रही है।
संदीप दीक्षित का यह बयान थरूर और कांग्रेस के बीच बढ़ते विवाद का नया संकेत माना जा रहा है।
