प्रधानमंत्री बनते ही तारिक रहमान का राष्ट्र के नाम पहला संदेश, हिंदू-बौद्ध-ईसाई अल्पसंख्यकों को दिया भरोसा
ढाका। बांग्लादेश के आम चुनाव में भारी जीत के बाद प्रधानमंत्री बने तारिक रहमान ने बुधवार रात राष्ट्र के नाम अपना पहला संबोधन दिया। अपने पहले भाषण में उन्होंने देश की मौजूदा चुनौतियों का जिक्र करते हुए लोकतंत्र मजबूत करने, कानून-व्यवस्था सुधारने और भ्रष्टाचार पर सख्त नियंत्रण का वादा किया।
प्रधानमंत्री तारिक रहमान ने अपने संबोधन में धार्मिक अल्पसंख्यकों को लेकर बड़ा संदेश देते हुए कहा कि बांग्लादेश में किसी भी नागरिक के अधिकार धर्म के आधार पर तय नहीं होंगे। उन्होंने हिंदुओं, बौद्धों और ईसाइयों को सुरक्षा और समानता का भरोसा दिलाया।
“धर्म से नागरिकता तय नहीं होती”
तारिक रहमान ने स्पष्ट शब्दों में कहा,“चाहे कोई मुस्लिम हो, हिंदू हो, बौद्ध हो या ईसाई। धर्म से उसकी नागरिकता पर कोई फर्क नहीं पड़ता। यह हम सबका देश है, जिसे हमें मिलकर आगे ले जाना है।”
यह बयान इसलिए भी अहम माना जा रहा है क्योंकि ...










