वैज्ञानिकों की नई खोज: दुनिया का पहला ‘थ्री-वे’ सूखा रोधी बाजरा RHB 273 कम बारिश वाले इलाकों में भी देगा भरपूर उपज और बेहतर पोषण
जयपुर: राजस्थान के कम वर्षा वाले क्षेत्रों के किसानों के लिए खुशखबरी है। राजस्थान कृषि अनुसंधान संस्थान (दुर्गापुरा) और अंतरराष्ट्रीय अर्ध-शुष्क उष्णकटिबंधीय फसल अनुसंधान संस्थान (ICRISAT) के सहयोग से दुनिया का पहला ‘थ्री-वे’ सूखा रोधी संकर बाजरा RHB 273 विकसित किया गया है। यह किस्म कम पानी में भी अधिक उपज और बेहतर पोषण देने में सक्षम है।
कम बारिश में 28 प्रतिशत तक अधिक उपज
वैज्ञानिकों के अनुसार आरएचबी 273 ने तीन वर्षों के परीक्षण में 22 से 25 क्विंटल प्रति हेक्टेयर अनाज उत्पादन दिया, जो पारंपरिक किस्मों की तुलना में 13 से 28 प्रतिशत अधिक है। फसल 75 से 76 दिनों में पककर तैयार हो जाती है, जिससे किसानों का समय और संसाधन दोनों बचेंगे। यह संकर किस्म अनाज के साथ-साथ 48-50 क्विंटल प्रति हेक्टेयर उच्च गुणवत्ता वाला भूसा चारा भी उपलब्ध कराएगी।
अति-शुष्क क्षेत्रों...










