दिल्ली में नाबालिगों का बढ़ता अपराध: स्ट्रीट क्राइम बन रही संगठित अपराध की पहली सीढ़ी
नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली में नाबालिगों की बढ़ती आपराधिक गतिविधियां अब पुलिस और समाज दोनों के लिए गंभीर चिंता का विषय बन गई हैं। हालात यह हैं कि छोटी उम्र के बच्चे अब सिर्फ चोरी या झपटमारी तक सीमित नहीं रह गए, बल्कि धीरे-धीरे संगठित अपराध, ड्रग्स सप्लाई, शराब तस्करी, हथियारों की डिलीवरी, सट्टेबाजी, वसूली और यहां तक कि हत्या जैसी वारदातों में भी शामिल होते जा रहे हैं।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, कई बड़े अपराधी गिरोह और गैंगस्टर नेटवर्क नाबालिगों को “सुरक्षित हथियार” की तरह इस्तेमाल कर रहे हैं, क्योंकि किशोर न्याय कानून के तहत इन्हें जल्दी जमानत या रिहाई मिल जाती है। यही वजह है कि गैंगस्टर इन्हें आगे कर अपराधों को अंजाम दिलवा रहे हैं।
चोरी और स्नैचिंग से शुरू होकर गैंगस्टर नेटवर्क तक पहुंच रहे बच्चे
दिल्ली की तंग गलियों से लेकर बाहरी कॉलोनियों तक एक चिंताजनक बदलाव सामने आ रहा है। पुलिस रिकॉर...









