Sunday, June 21

technology

गेहूं की रोटी से लेकर प्लास्टिक की बोतल तक अब बोलती दिखेंगी, मिनटों में बनाएं ऐसा वीडियो
technology

गेहूं की रोटी से लेकर प्लास्टिक की बोतल तक अब बोलती दिखेंगी, मिनटों में बनाएं ऐसा वीडियो

नई दिल्ली: इंटरनेट पर इन दिनों ऐसे वीडियो की बाढ़ आ गई है, जिनमें रोटी, संतरा, प्लास्टिक की बोतल या अन्य ऑब्जेक्ट्स खुद से बोलते हुए नजर आते हैं। कभी गेहूं की रोटी कहती है कि “मुझे ज्यादा खाओगे तो वजन बढ़ेगा”, तो कभी प्लास्टिक की बोतल बोलती है कि “मैं सिर्फ प्यास बुझाने आई थी, फिर फेंक दिया गया।” अगर आप भी ऐसे मजेदार और ध्यान खींचने वाले वीडियो बनाना चाहते हैं, तो इसके लिए किसी खास तकनीकी ज्ञान की जरूरत नहीं है। कैसे बनाएं बोलती हुई ऑब्जेक्ट वीडियो 1. ChatGPT से वीडियो स्क्रिप्ट तैयार करें सबसे पहले अपने मोबाइल या कंप्यूटर में ChatGPT ऐप खोलें। ऊपर बाएँ कोने में थ्री-लाइन मेन्यू पर क्लिक करें और Apps > GPTs पर जाएं। यहां Object Talk Hindi सर्च करें और सेलेक्ट करें। अब उस ऑब्जेक्ट का नाम लिखें, जिस पर वीडियो बनाना चाहते हैं, जैसे “सेब”। ChatGPT आपके लिए उ...
100 करोड़ एंड्रॉयड स्मार्टफोन साइबर खतरे में, Google ने दी चेतावनी
technology

100 करोड़ एंड्रॉयड स्मार्टफोन साइबर खतरे में, Google ने दी चेतावनी

नई दिल्ली: एक अरब यानी 100 करोड़ से ज्यादा एंड्रॉयड स्मार्टफोन अब साइबर हमलों की चपेट में हैं। Google ने चेतावनी दी है कि Android 12 या उससे पुराने वर्जन पर चल रहे स्मार्टफोन मैलवेयर और स्पाइवेयर हमलों का आसान शिकार बन सकते हैं। सिर्फ 57.9% डिवाइस ही सुरक्षितForbes की रिपोर्ट के अनुसार, दिसंबर 2025 तक केवल 57.9 प्रतिशत एंड्रॉयड डिवाइस ही एंड्रॉयड 13 या उससे नए वर्जन पर चल रहे थे। लेटेस्ट एंड्रॉयड 16 का इस्तेमाल सिर्फ 7.5 प्रतिशत स्मार्टफोन में हो रहा है। वहीं एंड्रॉयड 15 लगभग 19.3 प्रतिशत, एंड्रॉयड 14 लगभग 17.2 प्रतिशत और एंड्रॉयड 13 लगभग 13.9 प्रतिशत डिवाइस में इस्तेमाल हो रहा है। इसका मतलब है कि 40 प्रतिशत से अधिक फोन Android 12 या उससे पुराने वर्जन पर हैं, जो सुरक्षा के लिहाज से बेहद जोखिम भरे हैं। Google की सलाह Google ने यूजर्स से अपील की है कि यदि आपका फोन Android 13 या उससे...
दिल्ली में गीजर फटने से मौत, जानिए हादसे से पहले मिलते हैं 3 संकेत और सुरक्षा उपाय
technology

दिल्ली में गीजर फटने से मौत, जानिए हादसे से पहले मिलते हैं 3 संकेत और सुरक्षा उपाय

नई दिल्ली: दिल्ली के निजामुद्दीन इलाके में बीते शनिवार एक शख्स की मौत गीजर फटने के कारण हो गई। सर्दियों में ऐसे हादसे आम हो जाते हैं। हालांकि विशेषज्ञों के अनुसार, गीजर फटने जैसी घटनाएं अचानक नहीं होतीं। आमतौर पर इसके लिए गीजर में पहले से मौजूद कुछ समस्या जिम्मेदार होती है, और इसके संकेत पहले ही दिखने लगते हैं। हादसे से पहले मिलने वाले संकेत पानी अचानक ज्यादा गर्म होना: अगर आपका गीजर पानी को सामान्य से अधिक गर्म करने लगे, तो इसके थर्मोस्टेट में समस्या हो सकती है, जो ऑटो कट फंक्शन को प्रभावित कर रही है। भाप या बुलबुले दिखना: नल से पानी भरते समय अगर भाप या बुलबुले दिखाई दें, तो यह गीजर की सुरक्षा में गड़बड़ी का संकेत है। लीकेज होना: गीजर के टैंक या टैक से पानी रिसाव होना भी खतरे की चेतावनी है। गीजर को सुरक्षित बनाने के 3 तरीके PRCD प्लग का इस्तेमाल करें:PRCD (Po...
Airtel 5G में बड़ा बदलाव, अब Jio वाली टेक्नोलॉजी का होगा इस्तेमाल
technology

Airtel 5G में बड़ा बदलाव, अब Jio वाली टेक्नोलॉजी का होगा इस्तेमाल

नई दिल्ली: भारत में 5G इंटरनेट की दौड़ में Airtel ने अपनी रणनीति बदलते हुए NSA 5G से SA 5G (Stand Alone 5G) पर शिफ्ट होने का ऐलान किया है। इसे Jio शुरुआत से ही इस्तेमाल कर रहा है। SA 5G को शुद्ध 5G टेक्नोलॉजी माना जाता है, यानी इसमें पुराने 4G नेटवर्क का इस्तेमाल नहीं होता। इसका मतलब है कि Airtel अब अपने मोबाइल यूजर्स को असल 5G स्पीड और बेहतर कवरेज उपलब्ध कराएगा। NSA 5G और SA 5G में फर्कNSA यानी Non-Standalone 5G तकनीक में 5G की स्पीड मिलती थी और फोन पर 5G का सिंबल भी दिखता था, लेकिन यह पुराने 4G इंफ्रास्ट्रक्चर पर काम करता था। इसलिए इंटरनेट इस्तेमाल करते समय यूजर्स को असली 5G अनुभव नहीं मिलता था।वहीं SA 5G पूरी तरह 5G कोर नेटवर्क पर आधारित है। इसमें 4G नेटवर्क की कोई आवश्यकता नहीं होती और नेटवर्क ज्यादा मजबूत, फास्ट और स्थिर काम करता है। Airtel के लिए बदलाव का मतलब अब Airtel के य...
100 के रिचार्ज के लिए 103 रुपये खर्च? जानें प्लेटफॉर्म फीस से बचने के 3 आसान तरीके
technology

100 के रिचार्ज के लिए 103 रुपये खर्च? जानें प्लेटफॉर्म फीस से बचने के 3 आसान तरीके

नई दिल्ली: क्या आपको भी ऐसा लगता है कि UPI से रिचार्ज या बिल भरते समय हमेशा कुछ रुपये एक्स्ट्रा कट जाते हैं? दरअसल, यह प्लेटफॉर्म फीस के नाम पर वसूला जाता है। कुछ UPI ऐप्स अपने प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करने के लिए मोबाइल रिचार्ज, बिल पेमेंट और क्रेडिट कार्ड भुगतान पर 3-4 रुपये से लेकर ज्यादा चार्ज वसूलते हैं। लेकिन इसका समाधान भी आसान है। 1. पेमेंट करने से पहले चेक करें:अक्सर लोग ध्यान नहीं देते कि फाइनल अमाउंट क्या है। 100 रुपये के रिचार्ज के लिए अगर ऐप 103 या 104 रुपये चार्ज कर रहा है, तो पेमेंट समरी जरूर देखें। 2. डायरेक्ट ऐप या प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करें:प्लेटफॉर्म फीस से बचने का सबसे आसान तरीका है कि आप सिधे कंपनी के ऐप या आधिकारिक प्लेटफॉर्म से भुगतान करें।उदाहरण के लिए, जियो नंबर का रिचार्ज कर रहे हैं, तो किसी UPI ऐप के बजाय MyJio ऐप से रिचार्ज करें। इससे न सिर्फ एक्स्ट्रा चार्ज नह...
Sennheiser Sound Protex Plus Review: सिर्फ ईयरफोन्स पर न करें खर्च, जानें 2,990 रुपये का ये गैजेट कानों का ‘सुरक्षा कवच’ है या परेशानी?
technology

Sennheiser Sound Protex Plus Review: सिर्फ ईयरफोन्स पर न करें खर्च, जानें 2,990 रुपये का ये गैजेट कानों का ‘सुरक्षा कवच’ है या परेशानी?

नई दिल्ली: हम अक्सर महंगे स्मार्टफोन और हाई-एंड ईयरबड्स पर हजारों रुपये खर्च कर देते हैं, लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि अपने कानों को शोर से बचाने पर पैसा खर्च करना भी जरूरी है? Sennheiser का Sound Protex Plus ऐसा ही एक गैजेट है, जो कानों के लिए ‘सुरक्षा कवच’ का दावा करता है। हमने इसे एक महीने से ज्यादा समय तक टेस्ट किया और एक्सपीरियंस कैसा रहा, जानिए डिटेल में। फिल्टर्स का काम:Sound Protex Plus ईयरबड्स की तरह दिखता है, लेकिन इनका मुख्य काम आस-पास के शोर से कानों को बचाना है। इसमें अलग-अलग फिल्टर आते हैं: Low: हल्का शोर प्रोटेक्शन Full: पूरे शोर को ब्लॉक करने के लिए अनबॉक्सिंग और पैकेजिंग:Sound Protex Plus कार्डबोर्ड पैकेजिंग में आते हैं। पैकेज में बड्स के साथ चार तरह के फिल्टर्स, Small, Medium और Large बड्स, एक स्टोरिंग पाउच और बड्स को तार वाले ईयरबड्स की तरह बदलने के लि...
ट्रेन में है कोई समस्या? RailOne ऐप पर दर्ज करें ऑनलाइन शिकायत, फोटो और वीडियो से तुरंत होगी सुनवाई
technology

ट्रेन में है कोई समस्या? RailOne ऐप पर दर्ज करें ऑनलाइन शिकायत, फोटो और वीडियो से तुरंत होगी सुनवाई

नई दिल्ली: अब ट्रेन या रेलवे स्टेशन से जुड़ी किसी भी समस्या की शिकायत मोबाइल से मिनटों में दर्ज कराई जा सकती है। भारतीय रेलवे का RailOne ऐप अब और एडवांस हो गया है। इसमें नया फीचर ‘रेलमदद’ (RailMadad) जोड़ा गया है, जिससे यात्रियों को असुविधा होने पर तुरंत मदद मिल सकती है। RailOne ऐप क्या है?रेलवन ऐप को भारतीय रेलवे ने तैयार किया है। यह सिर्फ ट्रेन टिकट बुकिंग तक सीमित नहीं है, बल्कि ऐप से जनरल टिकट, प्लेटफॉर्म टिकट और यहां तक कि OTT कंटेंट भी देखा जा सकता है। अब इसमें शिकायत दर्ज कराने की सुविधा भी उपलब्ध है। RailMadad फीचर कैसे काम करता है?रेलमदद फीचर का इस्तेमाल करना बहुत आसान है। ऐप के होम पेज पर ही लाल रंग के RailMadad का ऑप्शन दिखता है। इस पर क्लिक करके आप अपनी शिकायत वीडियो, ऑडियो या इमेज के साथ अपलोड कर सकते हैं। ध्यान रहे, फ़ाइल का आकार 5MB से अधिक नहीं होना चाहिए। शिकायत दर्ज कर...
नहीं चल रहा TV Remote? 1 स्क्रू खोलकर करें अंदर जमा कार्बन की सफाई, TV रिमोट फिर काम करेगा नए जैसा
technology

नहीं चल रहा TV Remote? 1 स्क्रू खोलकर करें अंदर जमा कार्बन की सफाई, TV रिमोट फिर काम करेगा नए जैसा

नई दिल्ली: क्या आपके टीवी का रिमोट ठीक से काम नहीं कर रहा? बटन दबाने पर ही टीवी में कोई हरकत होती है और बटन चिपचिपे या चिकने लगते हैं? इसका मतलब है कि रिमोट के कीपैड और कंट्रोल पैनल में गंदगी और कार्बन जम गया है। इसे साफ करने से आपका रिमोट फिर से नए जैसा काम करने लगेगा। कैसे खोलें रिमोट:रिमोट खोलने के लिए पीछे मौजूद स्क्रू को धीरे से खोलें। अगर स्क्रू न दिखे तो रिमोट प्लास्टिक लॉक्स के सहारे बंद है। ऐसे में रिमोट को किनारे से ध्यान से खोलें। रिमोट खोलते समय सावधानी रखें, क्योंकि गलती से यह टूट सकता है। कीपैड की सफाई:रिमोट खुल जाने के बाद कीपैड को बॉडी से अलग करें। इसे पानी, क्लीनर या थिनर से साफ करें। खासकर कीपैड के पीछे मौजूद काले पॉइंट्स पर जमा ग्रीस और धूल हटाना जरूरी है। कीपैड को पूरी तरह सूखने के बाद ही रिमोट में वापस लगाएं। कंट्रोल पैनल की सफाई:रिमोट खोलने पर दिखाई देने वाली हरी प...
हर बार Jio-Airtel आगे रहते थे, इस बार Vi ने 5G रेस में मारी बाज़ी
technology

हर बार Jio-Airtel आगे रहते थे, इस बार Vi ने 5G रेस में मारी बाज़ी

नई दिल्ली: 5G के क्षेत्र में Reliance Jio और Bharti Airtel की बाज़ी हमेशा आगे रही है, लेकिन इस बार Vodafone-Idea (Vi) ने पहली बार बड़ा झंडा गाड़ दिया है। नेटवर्क एनालिसिस फर्म Opensignal के आंकड़ों के अनुसार, Vi ने ‘5G वीडियो’, ‘5G गेम्स’ और ‘5G वॉयस ऐप’ एक्सपीरियंस मैट्रिक्स में दोनों दिग्गजों को पीछे छोड़ दिया। Opensignal के आंकड़े: 5G वीडियो एक्सपीरियंस: Vi – 73.9 पॉइंट, Airtel – 73.2, Jio – 71.8 5G गेम्स एक्सपीरियंस: Vi – 81.8, Jio – 80.2, Airtel – 77.4 5G वॉयस ऐप एक्सपीरियंस: Vi – 83, Jio – 82.8, Airtel – 81.9 तीन में से तीन अवॉर्ड Vi के नामOpensignal के आंकड़े 1 अक्टूबर 2025 से 31 दिसंबर 2025 के बीच के हैं। ईटी टेलिकॉम के अनुसार, Opensignal के प्रिंसिपल एनालिस्ट मोहम्मद अब्बास ने बताया कि Vi ने पहले कभी कोई अवॉर्ड नहीं जीता था। इस बार Vi ने 5G एक्सपीरियंस में 3...
AC के साथ खरीदें सेहत: PM 2.5 फ़िल्टर वाले एयर कंडीशनर बचाएंगे धूल और एलर्जी से
technology

AC के साथ खरीदें सेहत: PM 2.5 फ़िल्टर वाले एयर कंडीशनर बचाएंगे धूल और एलर्जी से

नई दिल्ली: गर्मियों का मौसम नज़दीक आते ही एयर कंडीशनर की खरीदारी तेज़ हो जाती है। इस बार PM 2.5 फ़िल्टर वाले एसी आपके घर की हवा को साफ रखने और सेहत का ख्याल रखने का बेहतरीन विकल्प हैं। ये फ़िल्टर धूल, सूक्ष्म बैक्टीरिया और एलर्जी पैदा करने वाले कणों को कमरे में प्रवेश करने से रोकते हैं, जिससे सांस संबंधी बीमारियों का खतरा कम होता है। विशेषकर अगर आपके घर में बच्चे या अस्थमा के मरीज हैं, तो PM 2.5 फ़िल्टर वाले एसी को प्राथमिकता देना चाहिए। बाजार में कई ब्रांड ऐसे मॉडल पेश कर रहे हैं। आइए जानते हैं चार लोकप्रिय विकल्प: 1. Daikin 1.5 Ton 5 Star Inverter Split AC (MTKM50U, White) कीमत: ₹46,490 (ऑनलाइन) क्षमता: 1.5 टन (150 स्क्वायर फीट तक के कमरे के लिए) फ़ीचर्स: PM 2.5 फ़िल्टर, 5 स्टार रेटिंग, 54°C तक काम करने की क्षमता, ऑटो वेरिएबल स्पीड, ट्रिपल डिस्प्ले, 100% कॉपर कॉइल ...