बंगाल में मतदाता सूची पुनरीक्षण में चौंकाने वाला डेटा, एक महिला के एक महीने में दो बच्चों के जन्म ने बढ़ाई आयोग की मुश्किल
कोलकाता: पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनावों से पहले चल रहे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान चुनाव आयोग को हैरान करने वाले कई अजीबोगरीब मामले सामने आए हैं। दस्तावेजों में दर्ज संदिग्ध जन्मतिथियों और अविश्वसनीय डेटा के कारण सत्यापन कार्य में भारी परेशानी हो रही है।
चुनाव आयोग के अधिकारियों का कहना है कि कई मामलों में जन्म प्रमाण पत्रों में दर्ज तिथियां वास्तविकता से मेल नहीं खा रहीं, जिससे मतदाता सूची का सत्यापन बेहद जटिल हो गया है।
एक महीने के भीतर दो बच्चों के जन्म का मामला
'इकोनॉमिक टाइम्स' की रिपोर्ट के अनुसार, कोलकाता के दक्षिणी बाहरी क्षेत्र मेटियाबुरूज इलाके में एक परिवार के तीसरे और चौथे बच्चे की जन्मतिथियों में एक महीने से भी कम का अंतर दर्ज है।
दस्तावेजों में बच्चों की जन्मतिथि 5 दिसंबर 1990 और 1 जनवरी 1991 बताई गई है। चुनाव आयोग के मुताबिक, सुनवाई के दौरा...










