Sunday, April 5

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वीरेंद्र चारण और राहुल फतेहपुर कौन हैं? रोहित गोदारा के भरोसेमंद गुर्गों की पूरी कहानी
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वीरेंद्र चारण और राहुल फतेहपुर कौन हैं? रोहित गोदारा के भरोसेमंद गुर्गों की पूरी कहानी

वीरेंद्र चारण और राहुल फतेहपुर कुख्यात गैंगस्टर रोहित गोदारा के सबसे भरोसेमंद सहयोगी माने जाते हैं। वीरेंद्र चारण गैंग का ‘ऑपरेशनल मास्टरमाइंड’ है, जो राजू ठेहट हत्याकांड जैसे गंभीर मामलों में शूटर्स को हथियार, पैसे और लॉजिस्टिक सपोर्ट मुहैया कराने के लिए जाना जाता है। वहीं, राहुल फतेहपुर को गोदारा का ‘राइट हैंड’ और दहशत फैलाने वाला चेहरा माना जाता है। दोनों राजस्थान पुलिस की मोस्ट वांटेड सूची में शामिल हैं। जयपुर से आई रिपोर्ट के अनुसार, यह जोड़ी राजस्थान के अपराध जगत की उस नई पीढ़ी का हिस्सा है, जिसने तकनीक और अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट का इस्तेमाल कर पुलिस की नाक में दम कर रखा है। रोहित गोदारा फिलहाल विदेश में बैठकर गैंग चला रहा है, लेकिन उसके नेटवर्क में वीरेंद्र चारण और राहुल फतेहपुर सबसे अहम मोहरे हैं। दोनों ही गोदारा और लॉरेंस बिश्नोई सिंडिकेट के ऑपरेशनल हेड के रूप में काम करते हैं। व...
भिवाड़ी ब्लास्ट: ताले के पीछे ‘बारूद’ का खूनी खेल, जिम्मेदारों पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं
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भिवाड़ी ब्लास्ट: ताले के पीछे ‘बारूद’ का खूनी खेल, जिम्मेदारों पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं

भिवाड़ी: खुशखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र में सोमवार को हुए भीषण धमाके ने प्रशासन और पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस हादसे में सात मजदूरों की मौत हुई, जबकि जांच से पता चला कि कागजों में ‘रेडिमेड गारमेंट’ दर्ज इस फैक्ट्री में महीनों से अवैध बारूद का कारोबार चल रहा था। घटना के 24 घंटे बीत जाने के बावजूद किसी अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई न होना मिलीभगत की आशंका को और मजबूत करता है। सवाल यह उठता है कि नाक के नीचे महीनों से चल रहा यह मौत का कारोबार आखिर किसकी शह पर फल-फूल रहा था। कागजों में कपड़े, भीतर खतरनाक बारूद रीको रिकॉर्ड के मुताबिक, 600 गज का यह प्लॉट साल 2005 में राजेंद्र कुमार को आवंटित हुआ था। 2011 में यहां ‘रेडिमेड गारमेंट’ के उत्पादन का सत्यापन भी कराया गया। लेकिन खेल तब शुरू हुआ जब 2019 में इसे हेमंत शर्मा को किराये पर दे दिया गया। हेमंत ने आगे इसे अभिनंदन तिवारी को र...
जयपुर में हिट एंड रन: तेज रफ्तार स्कॉर्पियो ने स्कूटी सवार दो युवकों को कुचला
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जयपुर में हिट एंड रन: तेज रफ्तार स्कॉर्पियो ने स्कूटी सवार दो युवकों को कुचला

जयपुर: राजधानी जयपुर के झोटवाड़ा इलाके में देर रात एक दर्दनाक हिट एंड रन हादसा हुआ। तेज रफ्तार स्कॉर्पियो ने स्कूटी सवार दो युवकों को पीछे से टक्कर मारकर कुचल दिया। हादसे में दोनों युवकों की अस्पताल ले जाते समय मौत हो गई। चालक वाहन लेकर मौके से फरार हो गया। पूरी घटना पास लगे CCTV कैमरे में कैद हो गई है। हादसे की जानकारी घटना कांटा चौराहा, झोटवाड़ा में रात करीब 11:50 बजे हुई। मृतकों की पहचान सीकर जिले के नीमकाथाना निवासी मोहित (23) और भरतपुर जिले के कुम्हेर निवासी वीरेन्द्र (40) के रूप में हुई है। मोहित पढ़ाई कर रहा था, जबकि वीरेन्द्र Apollo Pharmacy में नौकरी करता था। दोनों घर से खाना खाने के लिए स्कूटी पर निकले थे। पीछे से आई स्कॉर्पियो ने मारी टक्कर एक्सीडेंट थाना (वेस्ट) के SHO रामकृपाल ने बताया कि स्कूटी पर जा रहे दोनों युवकों को पीछे से तेज रफ्तार स्कॉर्पियो ने टक्कर मारी। टक्कर इ...
राजस्थान पंचायत चुनाव का रास्ता साफ, सुप्रीम कोर्ट ने परिसीमन चुनौती खारिज की
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राजस्थान पंचायत चुनाव का रास्ता साफ, सुप्रीम कोर्ट ने परिसीमन चुनौती खारिज की

जयपुर। राजस्थान में पंचायत चुनावों को लेकर लंबित कानूनी विवाद अब समाप्त हो गया है। सुप्रीम कोर्ट ने परिसीमन और चुनाव प्रक्रिया को चुनौती देने वाली याचिका खारिज कर दी है। इसके साथ ही 15 अप्रैल तक पंचायत चुनाव संपन्न कराने का मार्ग स्पष्ट हो गया है। हाईकोर्ट के फैसले को सुप्रीम कोर्ट ने बरकरार रखा मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने सुनवाई के दौरान कहा कि लोकतांत्रिक गतिविधियां राज्य का विषय हैं और अदालतों को इसमें अनावश्यक हस्तक्षेप से बचना चाहिए। पीठ में जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस विपुल एम पंचोली भी शामिल थे। अदालत ने जय सिंह द्वारा दायर विशेष अनुमति याचिका (SLP) को खारिज करते हुए राज्य सरकार की परिसीमन अधिसूचनाओं को वैध माना। याचिका 21 जनवरी 2026 को राजस्थान हाईकोर्ट के जयपुर पीठ के फैसले के खिलाफ दायर की गई थी। हाईकोर्ट ने डीबी सिविल रिट याचिका संख्या 792/2026 को ...
भिवाड़ी हादसा: मोटी सैलरी के लालच में बिहार के मजदूरों का जीवन उजड़ गया, पटाखा फैक्ट्री का विस्फोट ले गया 7 जानें
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भिवाड़ी हादसा: मोटी सैलरी के लालच में बिहार के मजदूरों का जीवन उजड़ गया, पटाखा फैक्ट्री का विस्फोट ले गया 7 जानें

भिवाड़ी। राजस्थान के भिवाड़ी में अवैध पटाखा फैक्ट्री में हुए भीषण विस्फोट ने बिहार के 7 मजदूरों की जान ले ली। मोतिहारी से आए ये मजदूर 30 हजार रुपये महीने की ‘मोटी सैलरी’ के लालच में जिंदगी संवारने आए थे, लेकिन फैक्ट्री में हुए विस्फोट ने उनके परिवारों की खुशियों को ध्वस्त कर दिया। मृतकों की पहचान अब डीएनए और दांतों के सैंपल से की जाएगी। जिंदगी संवारने आए थे, कंकाल बन गए मोटिवेशन और आशाओं के साथ आए मजदूरों के लिए यह सफर उनकी आखिरी सांस बन गया। मृतकों में एक युवक अपनी शादी के केवल 10 महीने बाद काम पर आया था। विस्फोट इतना भयंकर था कि मजदूरों के शरीर कंकाल में तब्दील हो गए। फैक्ट्री में सुरक्षा के नाम पर कुछ भी नहीं जांच में सामने आया कि फैक्ट्री में सुरक्षा व्यवस्था बिल्कुल न के बराबर थी। 16 मजदूरों की अलग-अलग टेबल पर 10-10 किलो बारूद और केमिकल रखा गया था। पास के कमरे में सैकड़ों किलो बार...
जयपुर में कबूतरबाजी का भंडाफोड़, 6 लाख रुपये तक का दांव
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जयपुर में कबूतरबाजी का भंडाफोड़, 6 लाख रुपये तक का दांव

जयपुर। आमतौर पर आसमान में उड़ते कबूतरों को देखकर शांति और सुकून का अहसास होता है, लेकिन राजधानी में इन मासूम परिंदों के पंखों पर लाखों रुपये का जुआ खेला जा रहा था। विधायकपुरी थाना पुलिस ने मकराना निवासी तीन सट्टेबाजों को 42 कबूतरों के साथ गिरफ्तार कर इस काले खेल का भंडाफोड़ किया है। क्रूर ट्रेनिंग और पंख काटे जाते थे जांच में सामने आया कि इन कबूतरों को ‘आसमान का सिकंदर’ बनाने के लिए 30 से 60 दिनों तक कड़ी और क्रूर ट्रेनिंग दी जाती थी। शुरुआत में उनके पंख काट दिए जाते थे ताकि वे भाग न सकें। 4 से 8 सप्ताह में नए पंख उगने लगते हैं, तब तक उन्हें मालिक की आवाज और खास सीटी की आदत डाल दी जाती है। इन्हें सीमित दायरे में रखा जाता और विशेष दाना खिलाया जाता है। अंत में झुंड में छोड़कर परखा जाता कि कौन सा कबूतर सबसे ऊंचाई पर और सबसे लंबे समय तक उड़ सकता है। एक उड़ान, लाखों का इनाम यह खेल महज शौक न...
JJM घोटाला: ACB की बड़ी कार्रवाई, रिटायर्ड IAS सुबोध अग्रवाल सहित 15 ठिकानों पर छापेमारी
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JJM घोटाला: ACB की बड़ी कार्रवाई, रिटायर्ड IAS सुबोध अग्रवाल सहित 15 ठिकानों पर छापेमारी

जयपुर: राजस्थान के बहुचर्चित जल जीवन मिशन (JJM) घोटाले में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने मंगलवार सुबह एक साथ कई राज्यों में सर्जिकल स्ट्राइक करते हुए 15 ठिकानों पर छापेमारी की। इस कार्रवाई में रिटायर्ड IAS सुबोध अग्रवाल सहित कई रसूखदार अधिकारी और ठेकेदार शामिल हैं। जयपुर, दिल्ली, बिहार, झारखंड और अन्य राज्यों में चल रही जांच ने पिछली सरकार के कार्यकाल में हुए करोड़ों रुपये के गड़बड़ी के खेल की परतें खोलनी शुरू कर दी हैं। बाड़मेर रेलवे स्टेशन पर नाटकीय गिरफ्तारी एसीबी की कार्रवाई का सबसे नाटकीय मोड़ बाड़मेर रेलवे स्टेशन पर देखने को मिला। जोधपुर PHED में तैनात एक्सईएन विशाल सक्सेना विरात्रा माता के दर्शन के लिए सुबह 5 बजे बाड़मेर पहुंचे थे। जैसे ही वे ट्रेन से उतरे, एसीबी की टीम ने उन्हें हिरासत में ले लिया और तुरंत जयपुर रवाना कर दिया। 20 हजार करोड़ के प्रोजेक्ट्स की जांच एसीबी की ए...
जयपुर: कुत्तों की नसबंदी में रिश्वत का मामला, दो डॉक्टर और ऑपरेटर गिरफ्तार
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जयपुर: कुत्तों की नसबंदी में रिश्वत का मामला, दो डॉक्टर और ऑपरेटर गिरफ्तार

जयपुर। राजधानी जयपुर में आवारा कुत्तों की नसबंदी और टीकाकरण के काम में लगे नगर निगम के दो डॉक्टरों और एक कंप्यूटर ऑपरेटर को एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोप है कि उन्होंने 75 लाख रुपये के बिल को पास कराने के एवज में कुल 16 लाख रुपये की रिश्वत मांग रखी थी। घूस का खेल और रकम का बंटवाराहेरिटेज निगम के डॉ. योगेश शर्मा ने बिल फॉरवर्ड करने के बदले 12 लाख रुपये की मांग की थी। उनका दावा था कि नसबंदी के बाद यूट्रस और टेस्टिकल्स की गणना में अड़ंगा डालने के अधिकार का वह हकदार हैं। वहीं, ग्रेटर निगम के डॉ. राकेश कलोरिया ने नवंबर-दिसंबर के बिलों के लिए 4 लाख रुपये की मांग रखी थी। इतना ही नहीं, उन्होंने जनवरी से अपनी मासिक घूस 2 लाख से बढ़ाकर 3.50 लाख रुपये करने का फरमान भी जारी किया था। मोलभाव के बाद 15 लाख में हुआ सौदाजब फर्म के मालिक ने इतनी बड़ी रकम देने में असमर्थता ज...
राजस्थान हाईकोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी, जोधपुर और जयपुर बेंच में हड़कंप
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राजस्थान हाईकोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी, जोधपुर और जयपुर बेंच में हड़कंप

जयपुर/जोधपुर। राजस्थान हाईकोर्ट की जोधपुर और जयपुर बेंच को मंगलवार सुबह ईमेल के माध्यम से बम से उड़ाने की धमकी मिलने से हड़कंप मच गया। धमकी की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन अलर्ट मोड में आ गया और दोनों परिसरों को तत्काल खाली करवाकर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, हाईकोर्ट प्रशासन को सुबह एक अज्ञात ईमेल मिला, जिसमें कोर्ट परिसर में विस्फोटक सामग्री रखे होने का दावा किया गया था। इस धमकी को गंभीरता से लेते हुए जोधपुर डीसीपी (पश्चिम) विनीत बंसल भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। इसके बाद कोर्ट परिसर को ‘नो एंट्री जोन’ घोषित कर आम लोगों की आवाजाही रोक दी गई। बम स्क्वायड और डॉग स्क्वायड की टीमों ने संभाला मोर्चाधमकी के बाद दोनों शहरों में बम डिस्पोजल स्क्वायड और डॉग स्क्वायड की कई टीमें तैनात की गईं। कोर्ट रूम, वकीलों के चैंबर, गलियारों और अन्य महत्वपूर्ण हिस्सों की...
साध्वी प्रेम बाईसा मौत मामला: कंपाउंडर पर दर्ज हुई एफआईआर, SIT जांच में चौंकाने वाले खुलासे
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साध्वी प्रेम बाईसा मौत मामला: कंपाउंडर पर दर्ज हुई एफआईआर, SIT जांच में चौंकाने वाले खुलासे

जोधपुर। राजस्थान के जोधपुर की प्रसिद्ध कथावाचक साध्वी प्रेम बाईसा की संदिग्ध मौत का मामला लगातार गंभीर होता जा रहा है। मौत के करीब 20 दिन बाद अब पुलिस ने इस प्रकरण में बड़ा कदम उठाते हुए बोरनाडा थाना क्षेत्र में आरोपी कंपाउंडर देवी सिंह के खिलाफ पहली एफआईआर दर्ज कर ली है। एसआईटी (SIT) की जांच में सामने आया है कि कंपाउंडर ने चिकित्सा नियमों की अनदेखी करते हुए साध्वी को ऐसे इंजेक्शन लगाए, जिन्हें देने का अधिकार केवल रजिस्टर्ड डॉक्टर को होता है। इस खुलासे के बाद मामला अब पूरी तरह कंपाउंडर की भूमिका और संभावित लापरवाही के इर्द-गिर्द घूमने लगा है। इलाज नहीं, लापरवाही बनी जानलेवा जानकारी के अनुसार, 28 जनवरी को बोरनाडा स्थित आश्रम में साध्वी प्रेम बाईसा की तबीयत अचानक बिगड़ गई थी। आरोप है कि उसी समय कंपाउंडर देवी सिंह ने उन्हें डेक्सेना (Dexona) और डाइक्लोफेनिक (Diclofenac) जैसे शेड्यूल-एच श्र...