
केरल/पटना, 17 फरवरी 2026: बिहार की सबसे युवा विधायक मैथिली ठाकुर अपने देसी और सादगी भरे स्टाइल के लिए पहचानी जाती हैं। 25 साल की उम्र में भी वह अक्सर साड़ी पहनती हैं और अपने सरल अंदाज से लोगों का दिल जीत लेती हैं। हाल ही में उन्होंने केरल की खास कासवु साड़ी में अपनी तस्वीरें शेयर की, जिसमें उनका पारंपरिक और क्लासी लुक देखने को मिला।
सादगी और खूबसूरती का मेल
मैथिली ठाकुर ने सफेद रंग की कासवु साड़ी को चौड़ी प्लीट्स वाले पल्लू के साथ स्टाइल किया। इस साड़ी पर नीले और सुनहरे धागों से कमल के फूल जैसी बूटियां बनी हैं, जो पारंपरिक सादगी में भी एक अलग आकर्षण जोड़ रही हैं।
सुनहरे बॉर्डर की खासियत
कासवु साड़ी की पहचान इसका सुनहरा बॉर्डर है। यह न केवल साड़ी को शाइन देता है, बल्कि इसे समृद्धि और धन का प्रतीक भी माना जाता है। मैथिली की साड़ी में सुनहरा बॉर्डर और नीली पट्टी फ्लोरल पैटर्न के साथ मेल खाती नजर आई, जिससे उनके लुक में रिचनेस और बढ़ गई।
सिंपल ब्लाउज और क्लासी जूलरी
साड़ी के साथ उन्होंने सिंपल राउंड नेकलाइन वाला हाफ स्लीव्स ब्लाउज पहना, जिससे साड़ी की सादगी और खूबसूरती उजागर हुई। जूलरी में गोल्ड और पर्ल का संयोजन चुना, जिसमें लेयर्ड पर्ल नेकपीस और सोने के झुमके शामिल थे। लाल बिंदी और हाफ पिनअप बालों ने उनका लुक और भी आकर्षक बना दिया।
कासवु साड़ी: असली और नकली की पहचान
-
असली कासवु साड़ी में जरी सोने या चांदी की होती है, जो सॉफ्ट शाइन देती है।
-
नकली साड़ी की चमक बहुत तेज और पीली होती है।
-
असली साड़ी हल्की और कॉटन जैसी स्मूद होती है, जबकि नकली साड़ी का फैब्रिक सख्त लगता है।
-
धागा जलाने पर असली साड़ी में राख कॉटन की तरह बनेगी, जबकि सिंथेटिक में प्लास्टिक जैसी गंध आती है।
मैथिली ठाकुर का यह सादा और क्लासी लुक यह साबित करता है कि सादगी में भी खूबसूरती और आकर्षण छिपा होता है, और पारंपरिक पहनावे को स्टाइलिश तरीके से पेश किया जा सकता है।
