
नई दिल्ली/वाशिंगटन: अमेरिका में पढ़ाई के लिए जा रहे स्टूडेंट्स के लिए एयरपोर्ट पर सही तैयारी बेहद जरूरी है। अमेरिकी इमिग्रेशन और कस्टम प्रक्रिया कड़ी है और बिना तैयारी के स्टूडेंट्स को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। यहां हम बताते हैं कि अमेरिका में लैंड होने के बाद स्टूडेंट्स को क्या-क्या करना होता है और किन डॉक्यूमेंट्स की जरूरत पड़ सकती है।
1. प्लेन से उतरें और पोर्ट ऑफ एंट्री पर जाएं:
विदेश यात्रा के दौरान प्लेन लैंड होने के बाद आपको पोर्ट ऑफ एंट्री (POE) पर लाया जाता है। यह वह जगह है, जहां से आप आधिकारिक रूप से अमेरिका में दाखिल होते हैं। एयरपोर्ट पर सभी डॉक्यूमेंट्स अपने साथ रखें और इन्हें ऑरिजिनल रूप में पेश करें।
2. इमिग्रेशन चेकप्वाइंट:
इमिग्रेशन में पासपोर्ट, वीजा, फॉर्म I-20 या सर्टिफिकेट ऑफ एलिजिबिलिटी, यूनिवर्सिटी से मिला लेटर ऑफ एक्सेप्टेंस, फीस की रसीद, SEVIS I-901 फीस रसीद, अकादमिक ट्रांसक्रिप्ट, टेस्ट स्कोर (IELTS/TOEFL) और बैंक स्टेटमेंट दिखाना होगा। CBP अधिकारी आपसे अमेरिका में पढ़ाई और खर्च से जुड़े सवाल भी पूछ सकते हैं।
3. अपना सामान और बैग उठाएं:
बैगेज टर्मिनल पर अपने सूटकेस और चेक किए गए सामान को क्लेम करें। पहचान आसान बनाने के लिए सूटकेस पर स्टीकर या टैग लगाना मददगार होता है।
4. कस्टम से गुजरें:
कस्टम प्रक्रिया में अधिकारी आपसे कई तरह के सवाल पूछ सकते हैं। घबराने की जरूरत नहीं है। बस शांति से जवाब दें और आवश्यक डॉक्यूमेंट्स तुरंत पेश करें।
5. कैंपस के लिए रवाना हों:
कस्टम प्रक्रिया पूरी होने के बाद आप एयरपोर्ट से बाहर निकल सकते हैं। बस, टैक्सी या यूनिवर्सिटी की शटल सर्विस के जरिए कैंपस पहुंचें। कैंपस में सीनियर स्टूडेंट्स आपका स्वागत करेंगे और आपको ओरिएंटेशन क्लास अटेंड करनी होगी, जिसमें यूनिवर्सिटी और वहां की सुविधाओं की जानकारी दी जाती है।
विशेष टिप्स:
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सभी डॉक्यूमेंट्स ऑरिजिनल रखें।
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इमिग्रेशन अधिकारी के सवालों के जवाब पहले से तैयार रखें।
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यूनिवर्सिटी की शटल सर्विस का उपयोग करें, यदि उपलब्ध हो।
इस तैयारी के साथ अमेरिका में एयरपोर्ट पर पहुंचने का अनुभव आसान और सुरक्षित हो सकता है, और स्टूडेंट्स बिना तनाव के अपने नए जीवन की शुरुआत कर पाएंगे।
