पाकिस्तान का ‘रेयर अर्थ कार्ड’: चीन की बादशाहत को चुनौती या नई रणनीतिक चाल?
इस्लामाबाद/वॉशिंगटन/बीजिंग – वैश्विक राजनीति के मंच पर पाकिस्तान ने ऐसा दांव चला है, जिसने अमेरिका, चीन और पूरे एशिया की हलचल बढ़ा दी है। प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ़ और आर्मी चीफ़ असीम मुनीर ने हाल ही में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात के दौरान उन्हें एक बॉक्स में रंग-बिरंगे खनिज पत्थर और अयस्क दिखाए। इनमें बास्टनज़ाइट और मोनाज़ाइट जैसे रेयर अर्थ खनिज शामिल बताए जाते हैं, जिनसे सेरीयम, लैंथेनम और नियोडिमियम जैसे तत्व निकाले जाते हैं। यही वे खनिज हैं, जिन पर स्मार्टफोन से लेकर इलेक्ट्रिक वाहन बैटरी और मिसाइल गाइडेंस सिस्टम तक की हाई-टेक इंडस्ट्री टिकी हुई है।
दुनिया के रेयर अर्थ बाजार का 60–65% हिस्सा चीन के नियंत्रण में है। अमेरिका भी अपनी ज़रूरत का बड़ा हिस्सा बीजिंग से आयात करता है। लेकिन चीन की “नियंत्रित निर्यात” नीति ने वॉशिंग्टन पर रणनीतिक दबाव बढ़ा दिया है। ऐसे में पाक...



