

देहरादून/नई दिल्ली, 18 जुलाई। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने देश में कथित पेपर लीक की घटनाओं को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि पिछले दस वर्षों में 152 पेपर लीक हुए हैं, जिससे करोड़ों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है।

राहुल गांधी का संदेश कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने सोशल मीडिया पर साझा किया। अपने संबोधन में राहुल गांधी ने कहा कि पिछले दस वर्षों में औसतन हर महीने एक पेपर लीक हुआ, जिससे लगभग 7.5 करोड़ छात्रों को नुकसान पहुंचा। उन्होंने आरोप लगाया कि इतने बड़े मामलों के बावजूद किसी भी दोषी को सजा नहीं मिली।
राहुल गांधी ने कहा कि यह देश के युवाओं, उनके माता-पिता, उनकी मेहनत और संघर्ष का अपमान है। उन्होंने परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता, जवाबदेही और छात्रों के हितों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
यह बयान कांग्रेस के “छात्रों की गूंज” अभियान के तहत आयोजित कार्यक्रम के दौरान सामने आया, जिसमें परीक्षा प्रणाली में सुधार और पेपर लीक की घटनाओं पर कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई गई।
हालांकि, पेपर लीक मामलों से जुड़े आंकड़ों और आरोपों पर सरकार की ओर से इस बयान के संदर्भ में कोई तत्काल आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।


