Monday, June 22

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नोएडा-ग्रेटर नोएडा में दूषित पानी की सप्लाई, मंत्री ने दिए सख्त निर्देश – ‘इंदौर जैसी स्थिति नहीं बनने देंगे’

 

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नोएडा/ग्रेटर नोएडा: नोएडा और ग्रेटर नोएडा में दूषित पानी की सप्लाई से लोगों की स्वास्थ्य समस्याएँ बढ़ रही हैं। राज्य मंत्री और गौतमबुद्ध नगर प्रभारी कुंवर बृजेश सिंह ने आश्वासन दिया है कि इंदौर जैसी स्थिति यहां नहीं बनने दी जाएगी। उन्होंने अधिकारियों से रिपोर्ट मांगी है और शुद्ध पानी मुहैया कराने के सख्त निर्देश दिए हैं।

 

शिकायतें जारी:

 

नोएडा के सेक्टर-25, कांशीराम सोसायटी में पिछले लगभग एक महीने से पानी मटमैला, बदबूदार और दूषित सप्लाई हो रहा है।

स्थानीय लोगों ने शिकायत की है कि इसके कारण पेट दर्द, उल्टी-दस्त और त्वचा संबंधी बीमारियाँ बढ़ गई हैं।

ग्रेटर नोएडा के सेक्टर बीटा-1 के ई-ब्लॉक में भी गंदा पानी आने की शिकायत सामने आई।

 

कारण और स्थिति:

 

आरडब्ल्यूए महासचिव हरेंद्र भाटी का आरोप है कि सीवर ओवरफ्लो पाइपलाइन से सीधे पानी में मिल रहा है।

प्राधिकरण भारी बिल वसूल रहा है, लेकिन पानी की गुणवत्ता बनाए रखने में लापरवाही बरती जा रही है।

 

सख्त कार्रवाई और जांच:

 

मंत्री बृजेश सिंह ने अधिकारियों को एक्शन प्लान बनाने और शुद्ध पानी मुहैया कराने के निर्देश दिए।

ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने शहर के 18 से अधिक सेक्टरों और गांवों में 80 से ज्यादा जगहों पर पानी की रैडम जांच की।

जांच में टीडीएस, पीएच और क्लोरीन स्तर की माप की गई, और आवश्यकतानुसार सुधारात्मक कदम उठाए जा रहे हैं।

प्राधिकरण ने यह सुनिश्चित किया कि लीकेज, सीवर चोकिंग और ओवरफ्लो के मुद्दों को तुरंत ठीक किया जाएगा।

एसीईओ सुनील कुमार सिंह ने बताया कि चार दिवसीय अभियान के बाद भी पानी की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए लगातार कदम उठाए जाएंगे।

 

स्थानीय लोगों की प्रतिक्रिया:

 

निवासी संतोष और रवि कुमार ने कहा कि दूषित पानी के कारण बच्चे और बुजुर्ग बीमार हो रहे हैं।

लोगों ने चेतावनी दी कि अगर समस्या जल्दी हल नहीं हुई तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे।

 

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