
कानपुर। उत्तर प्रदेश के कानपुर से अंतरराष्ट्रीय ठगी का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पनकी थाना क्षेत्र के शातिरों ने यूरोप की कंपनियों को झांसे में लेकर करीब 1000 करोड़ रुपये की ठगी की। इस मामले में पुलिस ने पांच आरोपितों को हिरासत में लिया है और जांच जारी है।
क्राइम ब्रांच की जांच में पता चला कि चेक गणराज्य की चर्चित स्टील एंड आयरन कंपनी गेंगेला को कानपुर के पनकी अपट्रॉन इस्टेट स्थित फर्म वर्धमान इंडस्ट्रीज के माध्यम से झांसा दिया गया। आरोपित अरविंद महंत यादव और उसके साथी रामकुमार राय ने इंटरनेशनल ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म के जरिए दो लाख डॉलर कंपनी के खातों में ट्रांसफर कराए, जबकि माल की डिलीवरी नहीं हुई।
डीसीपी वेस्ट जोन की क्राइम ब्रांच टीम ने मामले में नामजद रिपोर्ट दर्ज कर आरोपीयों से पूछताछ शुरू कर दी है। जांच में सामने आया कि शातिरों ने यूरोपीय कंपनियों के सामने अपने फर्म का हाई-प्रोफाइल पोर्टफोलियो पेश किया और अरबों रुपये के व्यापार का आभास दिया।
क्राइम ब्रांच ने बताया कि इस तरह के कई मामले सामने आए हैं, जिनमें शातिरों ने यूरोप की अन्य कंपनियों से भी ठगी की है। कुल मिलाकर ठगी की राशि लगभग 1000 करोड़ रुपये होने का अनुमान है। जांच के लिए चार टीमें उत्तर प्रदेश, बिहार और पश्चिम बंगाल में छापेमारी कर रही हैं।
एडीसीपी कपिल देव सिंह ने कहा कि कानपुर पुलिस अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इस मामले की विस्तृत जांच कर रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
