
अहमदाबाद, 21 फरवरी 2026। टी20 वर्ल्ड कप के सुपर-8 चरण से पहले टीम इंडिया की सबसे बड़ी चिंता बन चुकी है ओपनर अभिषेक शर्मा की खराब फॉर्म। तीन लगातार पारियों में ‘डक’ पर आउट होने के बाद टीम मैनेजमेंट पर दबाव बढ़ गया है। ऐसे में साउथ अफ्रीका के खिलाफ अहम मुकाबले से पहले प्लेइंग इलेवन में बदलाव के संकेत मिल रहे हैं।
नरेंद्र मोदी स्टेडियम में शुक्रवार शाम हुए अभ्यास सत्र ने इस संभावना को और बल दिया कि टीम इंडिया ‘लेफ्ट’ को ‘राइट’ करने की रणनीति पर काम कर रही है। यानी लेफ्ट हैंडर अभिषेक शर्मा की जगह राइट हैंडर संजू सैमसन को मौका दिया जा सकता है।
लगातार तीन डक, फिर भी नंबर-1 रैंकिंग
अभिषेक शर्मा वर्ल्ड कप में डेब्यू के बाद से लगातार तीन मैचों में खाता तक नहीं खोल पाए हैं। हालांकि वह टी20 इंटरनेशनल रैंकिंग में अब भी नंबर-1 बल्लेबाज हैं, लेकिन मौजूदा फॉर्म ने टीम प्रबंधन की चिंता बढ़ा दी है। बड़े टूर्नामेंट के दबाव में आत्मविश्वास डगमगाने के संकेत साफ दिखाई दे रहे हैं।
प्रैक्टिस सेशन ने दिए बदलाव के संकेत
अभ्यास सत्र के दौरान भारतीय हेड कोच गौतम गंभीर ने अभिषेक से लंबी बातचीत की। वॉर्मअप के दौरान अभिषेक उत्साह में दिखे, लेकिन नेट्स में सबसे पहले बल्लेबाजी के लिए वह नहीं उतरे।
पहले नेट्स पर ईशान किशन ने बल्लेबाजी की, जहां जसप्रीत बुमराह, अर्शदीप सिंह और शिवम दुबे ने उन्हें गेंदबाजी की। ईशान बेहतरीन लय में दिखे और लगातार लंबे शॉट्स लगाते नजर आए।
चौंकाने वाली बात तब हुई जब उसी नेट पर संजू सैमसन पैड बांधकर पहुंचे। ईशान और संजू ने ओपनिंग जोड़ी की तरह बारी-बारी से बल्लेबाजी की। दोनों की जुगलबंदी देखकर साफ लगा कि टीम संयोजन पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है।
अभिषेक ने की गेंदबाजी, अंत में की बल्लेबाजी
अभिषेक शर्मा कुछ देर तक नेट्स से दूर रहे और दूसरे नेट पर कप्तान सूर्यकुमार यादव को गेंदबाजी करते नजर आए। उन्होंने बाएं हाथ से गेंदबाजी की और बाद में थोड़ी देर आराम भी किया।
सेशन के आखिर में वह बल्लेबाजी के लिए उतरे और उससे पहले वॉशिंगटन सुंदर से तकनीकी सलाह लेते दिखे। हालांकि अभ्यास सत्र के आधार पर अंतिम फैसला तय नहीं माना जा सकता, लेकिन संकेत साफ हैं कि टीम मैनेजमेंट विकल्पों पर गंभीरता से विचार कर रहा है।
अनुभव बनाम युवा जोश
संजू सैमसन भले ही हालिया मौकों पर कोई बड़ा स्कोर नहीं बना पाए हों, लेकिन उनका अनुभव टीम के काम आ सकता है। जब युवा खिलाड़ी का आत्मविश्वास डगमगाता है, तब अनुभवी बल्लेबाज को मौका देना रणनीतिक कदम माना जाता है।
अब देखना दिलचस्प होगा कि साउथ अफ्रीका के खिलाफ सुपर-8 के अहम मुकाबले में टीम इंडिया किस संयोजन के साथ मैदान में उतरती है—क्या अभिषेक को एक और मौका मिलेगा या फिर ‘लेफ्ट’ को ‘राइट’ करने की रणनीति पर अमल होगा?
