
नई दिल्ली: देश की सबसे बड़ी संस्थागत निवेशक एलआईसी ने दिसंबर तिमाही में आईटी शेयरों में बड़ा निवेश किया, जबकि बैंकिंग और कुछ अन्य सेक्टरों में आक्रामक बिकवाली की। कंपनी के पोर्टफोलियो में कुल 283 शेयर शामिल हैं, जिनकी वैल्यू 17.83 लाख करोड़ रुपये है।
आईटी शेयरों में LIC का बड़ा दांव
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टीसीएस: 3,136 करोड़ रुपये की खरीदारी
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एचसीएल टेक्नोलॉजीज: 2,293 करोड़ रुपये की खरीदारी
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कोफोर्ज: पोर्टफोलियो में जोड़ा गया; हिस्सेदारी बढ़कर 4.66%
इस खरीदारी के बाद LIC की आईटी सेक्टर होल्डिंग 1.82 लाख करोड़ रुपये से बढ़कर 2.17 लाख करोड़ रुपये हो गई। आईटी सेक्टर की हिस्सेदारी 11.32% से बढ़कर 12.43% हुई, हालांकि ये शेयर अपने पीक से 30% नीचे हैं।
बैंकिंग और फाइनेंशियल शेयरों में बिकवाली
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एसबीआई: 3,080 करोड़ रुपये के शेयर बेचे
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एचडीएफसी बैंक: 1,528 करोड़ रुपये के शेयर बेचे
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बैंक ऑफ बड़ौदा: 1,173 करोड़ रुपये के शेयर बेचे
इससे LIC की फाइनेंशियल सर्विसेज सेक्टर में हिस्सेदारी 27.21% से घटकर 26.52% हो गई, लेकिन यह अभी भी सबसे बड़ा सेक्टर अलॉकेशन है (4.64 लाख करोड़ रुपये)।
अन्य सेक्टरों में हिस्सेदारी में बदलाव
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लार्सन एंड टुब्रो: 2,442 करोड़ रुपये के शेयर बेचे
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रिलायंस इंडस्ट्रीज: 2,367 करोड़ रुपये के शेयर बेचे
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हिंदाल्को: 2,307 करोड़ रुपये के शेयर बेचे, हिस्सेदारी 6.18% → 4.92%
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वेदांता: 5.7% → 4.97%
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अडानी पोर्ट्स: 7.73% → 6.79%
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बैंक ऑफ बड़ौदा: 6.64% → 5.84%
खरीदारी में प्रमुख शेयर
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सन फार्मा: 2,942 करोड़ रुपये
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एनडीएमसी, बजाज ऑटो, कोल इंडिया में भी भारी खरीदारी
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मारुति सुजुकी: 1,147 करोड़ रुपये के शेयर बेचे
विश्लेषकों का कहना है कि LIC ने हाल में आईटी शेयरों की गिरावट को अवसर मानकर खरीदारी की है, जबकि बैंकिंग और अन्य सेक्टरों में अपने अलॉकेशन को संतुलित किया है।
