
नई दिल्ली: हर बच्चा अपने माता-पिता से प्यार करता है, लेकिन कई बार पेरेंट्स की आदतें अनजाने में बच्चों के दिल को ठेस पहुंचा देती हैं। इसका असर रिश्ते पर पड़ता है और धीरे-धीरे मनमुटाव बढ़ सकता है। बच्चों और माता-पिता के बीच रिश्ता मजबूत बनाने के लिए सीनियर पीडियाट्रिशियन डॉक्टर रवि मलिक द्वारा बताई गई पांच खास खूबियों पर ध्यान देना बहुत जरूरी है।
- बच्चे की पूरी बात सुनें और समझें
अच्छे पेरेंट्स बच्चे की बात ध्यान से सुनते हैं और समझने के बाद ही प्रतिक्रिया देते हैं। वे तुरंत निर्णय नहीं लेते और न ही बच्चे को दोषी ठहराते हैं। इससे बच्चों को यह एहसास होता है कि उनके माता-पिता उन्हें समझते हैं और उनके फीलिंग्स की कद्र करते हैं। - मेहनत को देखें, न कि सिर्फ परिणाम
ऐसे पेरेंट्स बच्चे की कोशिश और मेहनत की सराहना करते हैं, न कि केवल परिणामों में कमियां ढूंढते हैं। यह बच्चे के मन में यह भावना पैदा करता है कि उसकी मेहनत की कद्र की जा रही है, जिससे प्यार और विश्वास का रिश्ता मजबूत होता है। - फिजिकल और मेंटल हेल्थ को समान महत्व दें
अच्छे पेरेंट्स बच्चों की शारीरिक स्वास्थ्य के साथ-साथ मानसिक स्वास्थ्य को भी महत्व देते हैं। यदि बच्चा उदास या परेशान है, तो वे उसे चुप कराने की बजाय उसके फीलिंग्स की वजह समझने की कोशिश करते हैं। इससे बच्चे अपनी बात खुलकर साझा कर पाते हैं और रिश्ता गहरा बनता है। - गलतियों को स्वीकारें और प्रेरित करें
बच्चे उन माता-पिता से भी प्यार करते हैं जो उनकी गलतियों को समझते हैं। ऐसे पेरेंट्स बच्चों को बताते हैं कि गलतियां जीवन और सीखने का हिस्सा हैं। इससे बच्चे डरने की बजाय सही रास्ता अपनाते हैं और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ते हैं। - खुद रोल मॉडल बनें
सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि माता-पिता खुद अपने व्यवहार और आदतों से रोल मॉडल बने। बच्चे अपने पेरेंट्स को देखकर सीखते हैं कि कैसे शांत, मेहनती और ईमानदार बने। माता-पिता का यह उदाहरण बच्चों के व्यक्तित्व और व्यवहार को आकार देता है।
निष्कर्ष:
इन पांच खूबियों वाले पेरेंट्स के बच्चे केवल बेशुमार प्यार नहीं करते, बल्कि उनका रिश्ता इतना मजबूत होता है कि औलाद जीवन भर अपने माता-पिता का साथ छोड़ती नहीं।