
इस्लामाबाद: पाकिस्तान ने फिर से मुस्लिम देशों के बीच नाटो जैसा सैन्य गठबंधन बनाने के संकेत दिए हैं। पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने सोमवार को कहा कि मुस्लिम देशों को अपनी सामूहिक सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए मिलकर काम करना चाहिए। उनका कहना था कि ऐसा करने से प्रत्येक देश अलग-थलग होकर कमजोर नहीं होगा।
आसिफ ने इजरायल का नाम लेते हुए कहा कि कई मुस्लिम देश इसे सुरक्षा के लिए खतरा मानते हैं। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि पाकिस्तान-सऊदी अरब रक्षा समझौते (SMDA) का दायरा बढ़ सकता है और इसमें तुर्की या अन्य देश शामिल किए जा सकते हैं।
पाकिस्तान के पूर्व मंत्री रजा हयात हिराज ने भी कहा था कि सऊदी अरब, पाकिस्तान और तुर्की के बीच रक्षा समझौते में तुर्की की शामिल होने की संभावना लगभग तय है। तीनों देशों ने एक साल की बातचीत के बाद डील का ड्राफ्ट तैयार कर लिया है।
इस समझौते में नाटो जैसी व्यवस्था है, जिसमें एक देश पर हमला सभी पर हमला माना जाएगा, और सामूहिक रक्षा (Article-5 जैसे क्लॉज) लागू होगा। विश्लेषकों का कहना है कि यदि तुर्की इस डील में शामिल होता है, तो यह मजबूत सैन्य और आर्थिक गठबंधन बन सकता है, जिससे मुस्लिम दुनिया में सुरक्षा और सामूहिक ताकत बढ़ेगी।
