
इस्लामाबाद, 10 जनवरी: पाकिस्तान में अल्पसंख्यक समुदाय पर बढ़ती हिंसा का नया मामला सामने आया है। सिंध प्रांत के बदीन जिले में 25 वर्षीय हिंदू किसान कैलाश कोल्ही को गोली मारकर हत्या कर दी गई। पुलिस और स्थानीय सूत्रों के अनुसार, हत्या के पीछे स्थानीय जमींदार सरफराज निजामी का नाम लिया जा रहा है।
घटना के बाद हिंदू और स्थानीय समुदाय के हजारों लोग सड़क पर उतर आए और थार कोयला सड़क को जाम कर दिया। शुक्रवार को पुलिस अधिकारियों के साथ कई दौर की वार्ता के बाद धरना समाप्त किया गया। हालांकि, हिंदू समुदाय में गुस्सा और रोष अभी भी बरकरार है।
घटना का विवरण
प्रदर्शनकारी आरोप लगाते हैं कि निजामी ने 4 जनवरी को तलहार गांव में कोल्ही को नशे की हालत में गोली मार दी। घटना स्थल पर पहुंचे लोग कैलाश को घावों के साथ जमीन पर गिरा पाया। निजामी और उसके समर्थक मौके से फरार हो गए।
धरने में हिंदू समुदाय के हजारों लोग, कई राजनीतिक दल और धार्मिक संगठन शामिल हुए। उन्होंने पुलिस से आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस को एक हफ्ते की समय सीमा दी, जिसके बाद धरना समाप्त किया गया।
पुलिस और प्रशासन की प्रतिक्रिया
बदीन डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन ने घटना और पुलिस की नाकामी की निंदा करते हुए अदालतों का बहिष्कार किया। स्थानीय प्रशासन ने प्रदर्शनकारियों और राजनीतिक नेताओं के दबाव में एक हफ्ते के भीतर आरोपी की गिरफ्तारी का भरोसा दिलाया।
पृष्ठभूमि
सिंध प्रांत में पाकिस्तान के हिंदुओं की सबसे बड़ी आबादी रहती है। हाल के महीनों में बांग्लादेश समेत दक्षिण एशिया के कई हिस्सों में अल्पसंख्यकों पर हिंसा की घटनाओं का सिलसिला जारी है। पाकिस्तान में भी अल्पसंख्यक समुदाय के खिलाफ हिंसा और उत्पीड़न की शिकायतें लगातार सामने आती रही हैं।