
अहमदाबाद: कर्नाटक के ओपनर देवदत्त पडिक्कल ने विजय हजारे ट्रॉफी 2025-26 में बल्ले से धमाका कर दिया है। उन्होंने सिर्फ 5 मैचों में चौथा शतक जड़ते हुए चयनकर्ताओं पर दबाव बढ़ा दिया है और आगामी न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज के लिए अपनी टीम इंडिया में जगह लगभग पक्की कर ली है।
पुडुचेरी के खिलाफ ग्रुप ए मैच में, पडिक्कल ने अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में मोर्चा संभाला। शुरुआती झटकों के बाद, जब मयंक अग्रवाल और करुण नायर केवल 6 रन पर पवेलियन लौट गए, तब पडिक्कल ने स्मरण रविचंद्रन अग्रवाल के साथ मिलकर टीम को संभाला और 151 गेंदों पर 136 रनों की साझेदारी की। इसके बाद उन्होंने केएल राहुल के साथ मिलकर 60 गेंदों में 65 रन और अंततः 38वें ओवर में अपना शतक पूरा किया। उनकी इस पारी में 120 गेंदों पर 108 रन की शानदार पारी रही।
पडिक्कल का इस सीजन में प्रदर्शन बेहद निरंतर रहा है। उन्होंने टूर्नामेंट की शुरुआत झारखंड के खिलाफ 147 रन, केरल के खिलाफ 124 रन, पुडुचेरी के खिलाफ 113 रन और अब त्रिपुरा के खिलाफ 108 रन की बड़ी पारियां खेलकर अपने 50-ओवर फॉर्मेट में स्टार खिलाड़ी होने का संदेश दिया है।
उनकी लिस्ट ए क्रिकेट की रिकॉर्ड भी शानदार है। 37 पारियों में 13 शतक और 12 अर्धशतक, औसत 80 से अधिक — ये आंकड़े उन्हें कई अनुभवी भारतीय बल्लेबाजों से आगे रखते हैं। हालांकि पडिक्कल ने अभी तक वनडे में डेब्यू नहीं किया है, लेकिन उन्होंने टी20 और टेस्ट इंटरनेशनल में भारत के लिए खेलते हुए अपनी क्षमता साबित की है। इस सीजन में सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में भी उन्होंने प्रभावित किया था।
देवदत्त पडिक्कल का यह लगातार प्रदर्शन और शतक बनाने की क्षमता उन्हें भारत के 50-ओवर फॉर्मेट में भविष्य का प्रमुख सितारा बनाती है। अब चयनकर्ताओं के लिए उनके वनडे टीम में शामिल होने का रास्ता लगभग तय माना जा रहा है।