
जयपुर: नए साल पर कहीं घूमने का प्लान बना रहे हैं और कैब बुक की है, तो पहले यह खबर जरूर पढ़ लें। राजस्थान सरकार ने राजस्थान मोटर व्हीकल एग्रीगेटर रूल्स 2025 लागू करते हुए कैब रद्द करने पर पेनल्टी का फैसला किया है।
नए नियमों के अनुसार, अगर कोई बिना वैध कारण के राइड कैंसिल करता है, तो उसे कुल किराए का 10 प्रतिशत या अधिकतम 100 रुपये (जो भी कम हो) की पेनल्टी देनी होगी। यह नियम कैब यात्रियों और ड्राइवरों दोनों पर समान रूप से लागू होगा। पेनल्टी राशि सीधे यात्री या ड्राइवर के खाते में जमा की जा सकती है।
सरकार ने क्यों किया यह कदम:
राज्य सरकार का कहना है कि बार-बार राइड कैंसिलेशन से ड्राइवरों का समय, ईंधन और आय प्रभावित होती है। कई बार ड्राइवर लंबी दूरी तय करने के बाद कैंसिलेशन का सामना करते हैं, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। वहीं यात्रियों को भी बार-बार रद्द होने वाली राइड से परेशानी होती है।
सुरक्षा और लाइसेंसिंग को भी बनाया अनिवार्य:
नए नियमों में यात्रियों और ड्राइवरों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी गई है। इसके तहत:
सभी कैब वाहनों में पैनिक बटन और व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस होना अनिवार्य।
कैब यात्रियों का 5 लाख रुपये का बीमा जरूरी।
कैब कंपनियों को प्रत्येक ड्राइवर का 5 लाख रुपये का हेल्थ बीमा कराना अनिवार्य।
सभी कैब और डिलीवरी कंपनियों को 15 दिनों के भीतर परिवहन विभाग से लाइसेंस लेना जरूरी। बिना लाइसेंस गिग वर्किंग करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
राजस्थान सरकार का यह कदम यात्रियों और ड्राइवरों दोनों की सुविधा और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है।