
चंडीगढ़/पंचकुला: हरियाणा के नए डीजीपी आईपीएस अजय सिंघल ने गुरुवार को कार्यभार संभाल लिया। पंचकुला में उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। कार्यभार ग्रहण करने के बाद उन्होंने पुलिस मुख्यालय, सेक्टर 6 में पहली प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित किया।
अजय सिंघल ने कहा, “मैं ओपी सिंह जी की तरह अच्छा स्पीकर नहीं हूं। उनकी इस फील्ड में ज्यादा पकड़ थी।” उन्होंने अपने कार्यकाल की प्राथमिकताओं को साफ किया। उन्होंने कहा कि उनका मुख्य फोकस महिला सुरक्षा और ग्रीवांस रिड्रेसल पर रहेगा।
सिंघल ने पुलिसकर्मियों के लिए भी बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि पुलिस वेलफेयर के लिए काम किया जाएगा। उन्होंने घोषणा की कि अब किसी भी पुलिसकर्मी की बेटी की शादी पर वेलफेयर से 5 लाख रुपये दिए जाएंगे। साथ ही भ्रष्टाचार के मामलों में सख्त कार्रवाई की जाएगी।
अजय सिंघल 1992 बैच के आईपीएस ऑफिसर हैं और अब तक विजिलेंस और एंटी-करप्शन ब्यूरो के डायरेक्टर जनरल रहे हैं। उन्हें टफ टास्क मास्टर के रूप में जाना जाता है और उनकी साफ-सुथरी छवि ने उन्हें इस पद के लिए उपयुक्त बनाया।
हरियाणा में इससे पहले एडीजीपी स्तर के अधिकारी आईपीएस पूरन कुमार के सुसाइड के बाद तत्कालीन डीजीपी शत्रुजीत कपूर का पद खाली हो गया था। इसके बाद ओपी सिंह को एक्टिंग डीजीपी बनाया गया था। सिंह अपने छोटे कार्यकाल में बेबाक बयानों के लिए चर्चा में रहे।
अजय सिंघल रेवाड़ी के रहने वाले हैं और अक्टूबर 2028 तक इस पद पर बने रहेंगे। उनके नियुक्ति में सीनियॉरिटी के बावजूद शत्रुजीत कपूर को प्राथमिकता नहीं दी गई क्योंकि कोर्ट के आदेश के अनुसार डीजीपी बनने के लिए कम से कम दो साल का कार्यकाल बचा होना जरूरी है।