असिस्टेंट प्रोफेसर बनेंगे मंत्री अशोक चौधरी, नियुक्ति में अड़ंगा बना ‘नाम का रोड़ा’ हटाया गया
पटना: बिहार सरकार में मंत्री अशोक चौधरी के लिए मकर संक्रांति खुशखबरी लेकर आई। वर्षों से जिन सहायक प्राध्यापक (असिस्टेंट प्रोफेसर) की नियुक्ति का इंतजार था, अब उसका रास्ता पूरी तरह साफ हो गया है। बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग ने शिक्षा विभाग को भेजे डोजियर में स्पष्ट किया कि उनके नाम को लेकर उठाए गए मुद्दे निराधार हैं और उनकी नियुक्ति वैध है।
‘अशोक कुमार’ बनाम ‘अशोक चौधरी’ विवाद:
अधिकारिक जानकारी के अनुसार, सहायक प्राध्यापक नियुक्ति के दस्तावेजों में कुछ जगह अशोक कुमार, तो कुछ जगह अशोक चौधरी लिखा हुआ था। इसी नाम के भिन्नता के कारण उनकी नियुक्ति लगभग एक साल तक अटकी रही।
पृष्ठभूमि:
बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग ने 2020-21 में राजनीति शास्त्र के सहायक प्राध्यापक के 280 पदों पर भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किया था। परीक्षा के बाद 2025 में रिजल्ट आया, जिसमें...










