
मालदा/सागर (मध्य प्रदेश), 23 फरवरी 2026: पश्चिम बंगाल के मालदा निवासी सैयद एसके को मध्य प्रदेश के सागर में चाकू मारकर गंभीर रूप से घायल कर दिया गया। यह हमला कथित रूप से इसलिए हुआ क्योंकि पीड़ित ने बंगाली भाषा बोली थी। सैयद पिछले 9 सालों से सागर में कपड़ा बेचने का काम कर रहे हैं।
घटना का विवरण
जानकारी के अनुसार, यह घटना 19 फरवरी को हुई थी। पीड़ित पर कई बार लूटपाट और चाकू से हमला किया गया। उन्हें तुरंत बुंदेलखंड के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी सर्जरी भी की गई। सैयद की पत्नी नूरेफा बीवी ने बताया कि हाल के दिनों में उन्हें बंगाली बोलने पर लोगों से ताने सुनने का डर था।
TMC और वेलफेयर बोर्ड की मदद
TMC MP और West Bengal Migrant Workers Welfare Board के चेयरमैन समीरुल इस्लाम ने घटना पर चिंता जताई और पीड़ित के इलाज का इंतजाम किया। उन्होंने बताया कि मामले में FIR दर्ज कर ली गई है। बोर्ड के सदस्य सहिदुर रहमान ने परिवार से मुलाकात कर हर मुमकिन मदद का भरोसा दिया। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ महीनों में बंगाल के प्रवासी मजदूरों को भाषा और पहचान के कारण प्रताड़ित किया जा रहा है।
महाराष्ट्र में भी हुई थी हत्या
इससे पहले, महाराष्ट्र के पुणे में पश्चिम बंगाल के पुरुलिया जिले के प्रवासी मजदूर की हत्या हुई थी। इस घटना को मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने ‘हेट क्राइम’ करार दिया और कहा कि पीड़ित अपने परिवार का अकेला कमाने वाला सदस्य था।
यह घटना भाषा और पहचान के आधार पर होने वाले हमलों की एक चिंताजनक श्रृंखला को उजागर करती है।
