
आगरा: शादी के लिए खरीदे गए 2.50 लाख रुपये के लहंगे का रंग तय पिंक-पर्पल की जगह शैम्पेन गोल्डन ब्राउन निकलने पर जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने शोरूम संचालिका को पूरी रकम 6% ब्याज और 15 हजार रुपये मानसिक कष्ट हर्जाने सहित 45 दिन में लौटाने का आदेश दिया है।
पूरा मामला
आगरा के बेलनगंज निवासी रितुल जैन ने आयोग में वाद दायर कर बताया कि उन्होंने 4 नवंबर 2023 को बेटी की शादी के लिए पिंक-पर्पल रंग का 2.50 लाख रुपये का लहंगा तुभ्यम साड़ी शोरूम, कोलकाता से ऑर्डर किया था। शोरूम संचालिका अनुश्री जैन ने 5 जनवरी 2024 तक डिलीवरी का आश्वासन दिया था।
हालांकि, 31 जनवरी 2024 को लहंगा पार्सल से घर आया, लेकिन रंग गलत निकला। शिकायत के बावजूद शोरूम ने रकम वापस नहीं की। 8 फरवरी 2024 को लहंगा शोरूम को लौटाया गया।
नया लहंगा खरीदना पड़ा
वादी ने बताया कि गलती से डिलीवर हुए लहंगे के कारण परिवार को बेटी की शादी के लिए दिल्ली से नया और महंगा लहंगा खरीदना पड़ा। पहले खरीदे गए 2 लाख रुपये के लहंगे का अग्रिम भुगतान लौटाया गया, लेकिन 2.50 लाख रुपये का भुगतान शोरूम ने नहीं किया।
आयोग का फैसला
जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग प्रथम के अध्यक्ष सर्वेश कुमार और सदस्य राजीव कुमार ने शोरूम संचालिका को 2.50 लाख रुपये की मूल राशि पर 6% वार्षिक ब्याज और 15 हजार रुपये मानसिक कष्ट हर्जाने सहित 45 दिन में भुगतान करने का आदेश दिया।
आयोग ने कहा कि तय उत्पाद के स्थान पर अलग रंग का लहंगा देना “डिफिशिएंसी इन सर्विस” यानी सेवा में कमी है और उपभोक्ता को राहत मिलनी चाहिए।
