
पटना। बिहार के हज यात्रियों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। हज यात्रा पर जाने वाले लोगों को अब मेडिकल जांच रिपोर्ट के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा। नीतीश कुमार सरकार ने हज यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए राज्य के सभी जिलों में विशेष मेडिकल कैंप लगाने का निर्देश जारी किया है।
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अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के सचिव मोहम्मद सोहैल ने सभी जिलों के अधिकारियों को आदेश दिया है कि 10 से 15 फरवरी के बीच प्रत्येक जिले के सदर अस्पताल में हज यात्रियों के लिए मेडिकल जांच कैंप लगाए जाएं।
मेडिकल जांच के बाद उसी दिन मिलेगी रिपोर्ट
सरकार की ओर से स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि मेडिकल जांच के बाद यात्रियों को उसी दिन मेडिकल रिपोर्ट उपलब्ध कराई जाए, ताकि दूर-दराज से आने वाले हज यात्रियों को रिपोर्ट लेने के लिए बार-बार चक्कर न काटना पड़े।
इस फैसले से खासतौर पर ग्रामीण और दूरस्थ इलाकों के यात्रियों को बड़ा लाभ मिलेगा।
2026 में बिहार से 2569 हाजी जाएंगे हज पर
जानकारी के अनुसार, वर्ष 2026 में बिहार से कुल 2,569 हज यात्री हज यात्रा पर जाएंगे। हज यात्रा की शुरुआत 18 अप्रैल 2026 से होगी और यह 5 मई 2026 तक चलेगी।
अल्पसंख्यक छात्रों के लिए भी बड़ी घोषणा
इसके साथ ही अल्पसंख्यक कल्याण विभाग ने राज्य कोचिंग योजना के तहत अल्पसंख्यक समुदाय के छात्रों के लिए भी अच्छी खबर दी है। सचिव मोहम्मद सोहैल ने योग्य अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे इस योजना का अधिक से अधिक लाभ उठाएं।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि 8 फरवरी को प्रस्तावित प्रवेश परीक्षा पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी और सुव्यवस्थित तरीके से आयोजित की जाए, ताकि किसी प्रकार की अनियमितता न हो और छात्रों को बेहतर वातावरण मिल सके।
योजना का उद्देश्य
राज्य कोचिंग योजना का उद्देश्य अल्पसंख्यक समुदाय के युवाओं को नि:शुल्क और उच्च गुणवत्ता वाली कोचिंग उपलब्ध कराना है, ताकि वे सिविल सेवा, NEET और JEE Mains जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी बेहतर तरीके से कर सकें और सफलता प्राप्त कर सकें।
सरकार के इस कदम को हज यात्रियों और अल्पसंख्यक समुदाय के छात्रों के लिए बड़ी राहत और सकारात्मक पहल माना जा रहा है।