
पटना: बिहार के निर्दलीय सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव की गिरफ्तारी ने राजनीति में हलचल मचा दी है। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी और पार्टी महासचिव प्रियंका गांधी ने उनके समर्थन में जोरदार बयान दिए हैं।
राहुल गांधी ने पप्पू यादव की गिरफ्तारी को “राजनीतिक प्रतिशोध” करार देते हुए केंद्र और बिहार सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि पटना में NEET की छात्रा की संदिग्ध मौत के मामले में न्याय की मांग करने पर पप्पू यादव को डराया और धमकाया जा रहा है। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि भाजपा-राजग मॉडल के तहत अपराधियों को संरक्षण दिया जा रहा है और पीड़ित परिवार को न्याय से वंचित किया जा रहा है। उन्होंने कहा,
“पीड़ित परिवार ने निष्पक्ष जांच और न्याय की मांग की, तो वही पुराना भाजपा-NDA मॉडल सामने आया – केस को भटकाओ, परिजनों को प्रताड़ित करो और अपराधियों को सत्ता का संरक्षण दो। पप्पू यादव जी ने इस बेटी के लिए न्याय की आवाज बनकर मजबूती से खड़े हुए। उनकी गिरफ्तारी साफ तौर पर राजनीतिक प्रतिशोध है।”
प्रियंका गांधी ने भी पप्पू यादव की गिरफ्तारी का विरोध किया। उन्होंने कहा कि पटना में NEET की तैयारी कर रही छात्रा के साथ रेप और हत्या का मामला झकझोर देने वाला है, लेकिन सरकार का रवैया संदिग्ध और असंवेदनशील है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा की सरकारें हमेशा पीड़ित के बजाय अपराधियों के पक्ष में खड़ी होती हैं।
पुराने मामले में गिरफ्तारी
पुलिस ने शुक्रवार की देर रात पप्पू यादव को उनके पटना स्थित आवास से गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई 1995 के एक पुराने मामले में हुई है, जो पहले भारतीय दंड संहिता के अंतर्गत दर्ज था और अब भारतीय न्याय संहिता के तहत चल रहा है। इस मामले में पप्पू यादव पर धारा 419, 420, 468, 448, 506 और 120बी के तहत आरोप हैं। अदालत में सुनवाई जारी थी, लेकिन सांसद की लगातार गैरहाजिरी के कारण पुलिस ने गिरफ्तारी को अंजाम दिया।
संदर्भ: राहुल और प्रियंका गांधी का यह समर्थन NEET छात्रा मामले में न्याय की मांग को लेकर उनके राजनीतिक मोर्चे को मजबूती देता है। वहीं, पप्पू यादव की गिरफ्तारी ने विपक्ष और सरकार के बीच नए विवाद को जन्म दिया है।