Friday, February 6

दोस्त के बदले परीक्षा देने का 14 हजार में सौदा! नवादा में दो ‘मुन्नाभाई’ हिरासत में, 11 छात्र निष्कासित

नवादा। बिहार में इंटरमीडिएट वार्षिक परीक्षा-2026 के दौरान कदाचार के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। नवादा जिले में परीक्षा के तीसरे दिन गुरुवार को बड़ा खुलासा हुआ, जब एक छात्र दूसरे परीक्षार्थी के स्थान पर परीक्षा देते हुए पकड़ा गया। इस मामले में पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है। वहीं, जिले में कुल दो फर्जी परीक्षार्थियों को पकड़ा गया और कदाचार के आरोप में 11 छात्रों को परीक्षा से निष्कासित कर दिया गया है।

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14 हजार रुपये में तय हुआ था ‘सौदा’

घटना नवादा के प्रोजेक्ट मुनक्का फूलचंद साहू कन्या इंटर विद्यालय परीक्षा केंद्र की है, जहां एक युवक दूसरे परीक्षार्थी की जगह बैठकर परीक्षा दे रहा था। जांच के दौरान केंद्र पर तैनात कर्मियों ने संदेह होने पर कड़ी पूछताछ की और पहचान पत्र की जांच कराई, जिसके बाद सच्चाई सामने आ गई।

पकड़े गए युवक की पहचान खड़कपुर गांव निवासी नवाब यादव के पुत्र नीतीश कुमार के रूप में हुई है। वह अपने दोस्त वीरेंद्र कुमार के स्थान पर इंटर की परीक्षा देने पहुंचा था।

नीतीश कुमार ने पूछताछ में स्वीकार किया कि उसे दोस्त की जगह परीक्षा देने के लिए 14,000 रुपये दिए गए थे। यह रकम परीक्षा देने के बदले तय की गई थी।

परीक्षा केंद्र प्रभारी ने भी पुष्टि की कि युवक फर्जी तरीके से परीक्षा देते हुए पकड़ा गया और इसके बाद उसे पुलिस के हवाले कर दिया गया।

जिले में दो ‘मुन्नाभाई’ पकड़े गए

प्रशासन के अनुसार, इंटर परीक्षा के तीसरे दिन नवादा जिले में एक और फर्जी परीक्षार्थी पकड़ा गया है। इससे स्पष्ट है कि परीक्षा में नकल और फर्जीवाड़े के प्रयास लगातार किए जा रहे हैं।

पुलिस ने दोनों मामलों में कार्रवाई शुरू कर दी है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इस तरह की गतिविधियों में और कौन-कौन शामिल है।

11 परीक्षार्थी निष्कासित, परीक्षा केंद्रों पर सख्ती

जिले में कदाचार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए प्रशासन ने कुल 11 परीक्षार्थियों को निष्कासित किया है।

प्रथम पाली की परीक्षा में कुल 20,342 विद्यार्थियों को शामिल होना था, जिसमें से 20,150 छात्र उपस्थित रहे। इस दौरान 192 छात्र अनुपस्थित पाए गए और एक फर्जी छात्र पकड़ा गया।

दूसरी पाली में कुल 11,639 परीक्षार्थियों को शामिल होना था, जिसमें से 11,460 छात्र परीक्षा में बैठे। इस पाली में 179 छात्र अनुपस्थित रहे और 11 छात्रों को कदाचार के आरोप में निष्कासित कर दिया गया।

डीएम रवि प्रकाश ने परीक्षा केंद्रों का किया निरीक्षण

इंटरमीडिएट परीक्षा के तीसरे दिन जिला पदाधिकारी रवि प्रकाश ने परीक्षा केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने विशेष रूप से टीएस कॉलेज, हिसुआ और इंटर स्कूल, हिसुआ स्थित परीक्षा केंद्रों पर व्यवस्थाओं की गहन समीक्षा की।

डीएम ने केंद्रों पर विधि-व्यवस्था, स्वच्छता, प्रकाश व्यवस्था, बैठने की व्यवस्था, सीसीटीवी निगरानी और प्रवेश-निकास प्रणाली की जांच की और सभी अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि परीक्षा पूरी तरह शांतिपूर्ण और कदाचार मुक्त कराई जाए।

कदाचार में लिप्त छात्रों की पहचान

प्रशासन की रिपोर्ट के अनुसार, द्वितीय पाली में:

टीएस कॉलेज, हिसुआ से निष्कासित छात्र

  • आसिफ रजा

  • प्रणव कुमार

  • सत्यम कुमार

इंटर स्कूल, हिसुआ से निष्कासित छात्र

  • अभिषेक कुमार

  • रंजन कुमार

  • आशीष कुमार

  • आर्यन कुमार

  • सैफ रजा

  • सत्यांश कुमार

  • आकाश कुमार

  • पप्पू कुमार

इन सभी छात्रों को कदाचार में लिप्त पाए जाने के बाद परीक्षा से बाहर कर दिया गया और नियमानुसार कार्रवाई की गई।

प्रशासन का संदेश: कदाचार करने वालों पर होगी कड़ी कार्रवाई

जिला प्रशासन ने साफ कर दिया है कि परीक्षा में फर्जीवाड़ा, नकल या किसी भी प्रकार की अनुचित गतिविधि बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पुलिस और प्रशासन की निगरानी बढ़ा दी गई है और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

निष्कर्ष

नवादा में इंटर परीक्षा के दौरान सामने आया यह मामला न केवल परीक्षा प्रणाली की चुनौती को उजागर करता है, बल्कि यह भी दिखाता है कि कुछ लोग पैसों के दम पर शिक्षा व्यवस्था को कमजोर करने की कोशिश कर रहे हैं। प्रशासन की सख्ती के बावजूद ऐसे मामलों का सामने आना गंभीर चिंता का विषय है।

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