
गोरखपुर में पुलिस ने एक सनसनीखेज हत्या का खुलासा करते हुए पूर्व प्रेमी और उसकी पत्नी को गिरफ्तार किया है। पीपीगंज थाना क्षेत्र में हुई इस घटना में 35 वर्षीय प्रिया शेट्टी की हत्या प्रेम संबंधों में उलझे विवाद के कारण की गई थी।
घटना बीते गुरुवार बरघट्टा स्थित गोबरहिया नाले के पास हुई। ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा और जांच शुरू की। जांच में सामने आया कि हत्या के पीछे कोई और नहीं बल्कि प्रिया की पुरानी जान पहचान विजय कुमार साहनी और उसकी पत्नी संध्या थीं।
मुंबई से बुलाकर की गई हत्या
पुलिस पूछताछ में आरोपी विजय साहनी ने हत्या की पूरी योजना स्वीकार की। उसने बताया कि वह प्रिया से परेशान था और नहीं चाहता था कि वह उसके जीवन में फिर हस्तक्षेप करे। घटना की रात आरोपी ने शराब के नशे में प्रिया को स्कूटी पर बैठाकर सुनसान स्थान पर ले जाकर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद पहचान छिपाने के प्रयास किए गए।
CCTV और ऑटो चालक बने मुख्य सुराग
पुलिस को अहम सुराग एक ऑटो चालक से मिला, जिसने बताया कि एक पुरुष और दो महिलाएं शराब के नशे में ऑटो में सवार थीं और पैसों को लेकर विवाद हुआ था। इसके बाद जांच में CCTV फुटेज खंगाले गए, जिसमें तीनों को स्कूटी पर जाते हुए देखा गया, लेकिन लौटते समय केवल विजय और उसकी पत्नी ही नजर आए। इस आधार पर दोनों को हिरासत में लिया गया और अपराध की पुष्टि हुई।
पृष्ठभूमि और वित्तीय स्थिति
विजय साहनी मुंबई में इंश्योरेंस सेक्टर में कार्यरत था और उसकी मासिक आय लगभग डेढ़ लाख रुपये थी। वर्ष 2012 में उसकी मुलाकात प्रिया से हुई थी और दोनों लिव-इन रिलेशनशिप में रहने लगे। वर्ष 2013 में प्रिया ने बेटे को जन्म दिया। बाद में विजय ने उससे दूरी बनाई और गोरखपुर लौटकर दूसरी शादी कर ली। वर्ष 2022 में सोशल मीडिया के माध्यम से उनका संपर्क फिर शुरू हुआ, जिससे विवाद बढ़ा और हत्या को अंजाम मिला।
आगे की कार्रवाई
पुलिस ने बताया कि मृतका प्रिया के 13 वर्षीय बेटे और आरोपी विजय का DNA टेस्ट कराया जाएगा। घटना में इस्तेमाल हुई स्कूटी आरोपी के ससुर की बताई जा रही है, जिसके कारण ससुर रामविलास को भी साजिश में शामिल मानते हुए आरोपी बनाया गया है।
एसएसपी राज करन नैयर ने मामले का खुलासा करने वाली एसओजी टीम और पीपीगंज पुलिस को 11 हजार रुपये का इनाम दिया। फिलहाल आरोपी पति-पत्नी को जेल भेज दिया गया है। इस जघन्य घटना से तीन मासूम बच्चों का भविष्य अब अधर में लटक गया है।