
देश में सक्रिय इंटरनेट यूजर्स की संख्या अब 95.8 करोड़ को पार कर गई है। हालांकि, देश की बड़ी आबादी अभी भी डिजिटल दुनिया से दूर है। IAMAI और KANTAR की ‘इंटरनेट इन इंडिया रिपोर्ट 2025’ के अनुसार, 2024 के मुकाबले यह संख्या 8 प्रतिशत बढ़ी है।
ग्रामीण भारत में तेजी:
रिपोर्ट में यह भी सामने आया है कि कुल इंटरनेट यूजर्स का 57 फीसदी यानी 54.8 करोड़ ग्रामीण इलाकों से हैं। शहरों की तुलना में गांवों में लोग इंटरनेट को चार गुना तेजी से अपना रहे हैं। यह दर्शाता है कि डिजिटल तरक्की अब हर हिस्से में पहुंच रही है।
शॉर्ट वीडियो और एआई का योगदान:
इंटरनेट बढ़ने में शॉर्ट वीडियो का महत्वपूर्ण योगदान रहा है। 2025 में कुल सक्रिय यूजर्स में से 58.8 करोड़ ने शॉर्ट वीडियो देखा, जो 61 फीसदी हैं। शहरों की तुलना में ग्रामीण यूजर्स इस सामग्री को अधिक देख रहे हैं। वहीं, कुल इंटरनेट यूजर्स में 44 फीसदी लोग एआई फीचर्स का इस्तेमाल कर रहे हैं। इसमें वॉइस सर्च, फोटो बनाने और चैटबॉट से बातचीत शामिल है। सबसे अधिक एआई उपयोग करने वाले यूजर्स 15 से 44 साल की उम्र के हैं।
ऑनलाइन शॉपिंग और क्विक कॉमर्स:
शहरी यूजर्स में से 23 करोड़ लोग ऑनलाइन शॉपिंग कर रहे हैं, जो शहरी इंटरनेट यूजर्स का 65 फीसदी है। क्विक कॉमर्स प्लेटफॉर्म जैसे Blinkit और Zepto ने भी लोगों को डिजिटल दुनिया से जोड़ा है।
मल्टी-डिवाइस यूजर्स बढ़ रहे हैं:
इंटरनेट की बढ़ती पहुंच के साथ ही एक से अधिक गैजेट चलाने वालों की संख्या भी बढ़ी है। देश में 19.3 करोड़ लोग एक से अधिक डिवाइस का इस्तेमाल कर रहे हैं, जो कुल सक्रिय यूजर्स का 20 फीसदी है। 2024 में यह आंकड़ा 16.5 करोड़ था।
निष्कर्ष:
भारत ने डिजिटल दुनिया में बड़ी छलांग लगाई है। शहरी और ग्रामीण इलाकों में इंटरनेट का बढ़ता प्रभाव, शॉर्ट वीडियो और एआई का व्यापक इस्तेमाल तथा ऑनलाइन शॉपिंग की ओर रुझान दर्शाता है कि देश तेजी से डिजिटल इंडिया की ओर बढ़ रहा है। हालांकि, 57.9 करोड़ लोग अभी भी इस डिजिटल क्रांति से दूर हैं, जिसे धीरे-धीरे कम करने की आवश्यकता है।