
वैशाली: बिहार के वैशाली जिले में BPSC शिक्षिका प्रिया भारती की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत ने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया है। 26 जनवरी को प्रिया का शव किराए के कमरे में फंदे से लटका मिला। साथ ही पुलिस को कथित सुसाइड नोट भी मिला, लेकिन परिजनों ने इसे सुसाइड करार देने से इनकार कर दिया और इसे दहेज हत्या करार दिया है।
परिवार का आरोप:
मां इंद्रकला भारती ने कहा, “वो कभी आत्महत्या नहीं कर सकती थी। मेरी बेटी बहुत मजबूत और स्वतंत्र थी। उसे मार डाला गया और शव को फांसी के बहाने लटका दिया गया।” परिजनों ने आरोप लगाया कि नोट पर किए गए हस्ताक्षर प्रिया के नहीं हैं और यह हत्या को आत्महत्या का रूप देने की सोची-समझी साजिश है।
सुसाइड नोट की गहराई:
कथित सुसाइड नोट में प्रिया ने अपने माता-पिता से माफी मांगी और अपने पार्थिव शरीर को ससुराल न ले जाने की अंतिम इच्छा जताई। सबसे दिल दहला देने वाला हिस्सा यह है कि प्रिया ने मुखाग्नि अपने पति को न देने की बात कही और चाहा कि उनकी तीन महीने की मासूम बेटी उन्हें मुखाग्नि दे।
ससुराल में दहेज की मांग और मारपीट का आरोप:
प्रिया की शादी 16 नवंबर 2024 को बैंक मैनेजर दीपक से हुई थी। परिवार का आरोप है कि शादी के कुछ ही समय बाद ससुराल वालों ने 5 लाख रुपए और गाड़ी की मांग शुरू कर दी। 15 जनवरी को सास और ननद ने प्रिया की मासूम बेटी को जबरन अपने पास रख लिया और प्रिया को अकेले कमरे में छोड़ दिया। मौत से एक दिन पहले प्रिया ने फोन पर बताया था कि उसे जान से मारने की धमकी दी जा रही है और उसके साथ मारपीट हो रही है।
अस्पताल में मिले चोट के निशान:
परिवार का दावा है कि शव में गहरे जख्म और चोट के निशान स्पष्ट थे, जो संघर्ष की ओर इशारा करते हैं।
शव छीनकर नदी में फेंकने का आरोप:
प्रिया के चचेरे भाई अजीत ने आरोप लगाया कि जब शव को अंतिम संस्कार के लिए ले जाया जा रहा था, तो पति दीपक ने करीब 50 लोगों के साथ उनका रास्ता रोक दिया। दबंगई दिखाते हुए शव को परिजनों से छीनकर कोनहारा घाट में नदी में फेंक दिया गया, ताकि सबूत नष्ट हो जाए।
पुलिस जांच:
कटहरा थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। सुसाइड नोट की फोरेंसिक जांच की जा रही है और आरोपियों की तलाश शुरू कर दी गई है।
वैशाली जिले में इस सनसनीखेज मामले ने समाज और प्रशासन के सामने कई सवाल खड़े कर दिए हैं।