
जयपुर: राजधानी जयपुर स्थित जयपुरिया अस्पताल (RUHS) में नर्सिंग कर्मचारियों का विरोध लगातार तेज होता जा रहा है। करीब 50 नर्सिंग कर्मियों ने 10 महीने से बकाया वेतन और नौकरी बहाली की मांग को लेकर अस्पताल परिसर में धरना दिया है। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं, तो वे भूख हड़ताल का रास्ता अपनाने को मजबूर होंगे।
कर्मचारियों का आरोप है कि दीपक एंटरप्राइजेज फर्म के माध्यम से कार्यरत नर्सिंग स्टाफ को लगातार सेवाएं देने के बावजूद उनका वेतन नहीं दिया गया। इससे वे गंभीर आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं। कई कर्मचारियों का कहना है कि वे परिवार चलाने में असमर्थ हो चुके हैं। उनकी मुख्य मांग है कि उन्हें उनकी नौकरी बहाल की जाए और 1 अप्रैल 2025 से 31 दिसंबर 2025 तक का बकाया वेतन तत्काल जारी किया जाए।
कर्मचारियों ने यह भी आरोप लगाया कि जब उन्होंने वेतन की मांग की, तो पुराने स्टाफ को हटाया गया और उनकी जगह 35 नए कर्मचारियों को नियुक्त किया गया। निरीक्षण के बावजूद राजस्थान सरकार के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के आदेशों की अवहेलना की जा रही है। कर्मचारियों का कहना है कि जयपुरिया अस्पताल प्रशासन ठेकेदारों की मनमानी के तहत काम कर रहा है और पुराने कर्मचारियों से मोटी रकम की मांग कर उन्हें हटाया गया।
धरने के दौरान कर्मचारियों ने कहा कि उनकी मांगें न मानी गईं तो आंदोलन तेज होगा और वे भूख हड़ताल करने को बाध्य होंगे। यह मामला अस्पताल प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के लिए गंभीर चुनौती बन गया है।