
अबू धाबी/इस्लामाबाद: संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने पाकिस्तान को बड़ा झटका दिया है। मिडिल ईस्ट आई (MEE) की रिपोर्ट के मुताबिक, UAE ने पाकिस्तान में इस्लामाबाद एयरपोर्ट के मैनेजमेंट से अपने हाथ खींच लिए हैं। अगस्त 2025 में आर्थिक तंगी से जूझ रही पाकिस्तान सरकार के साथ UAE ने प्राइवेटाइजेशन डील पर सहमति जताई थी, लेकिन अब वह प्रोजेक्ट से बाहर निकल गया है।
रिपोर्ट में किसी राजनीतिक कारण का ज़िक्र नहीं है, लेकिन यह कदम उस वक्त आया है जब UAE और सऊदी अरब के बीच तनाव चरम पर है। वहीं, खुलासा हुआ है कि UAE भारत और इजरायल के साथ नए तरह के सैन्य संबंध बना रहा है, जिसमें भारत के माध्यम से इजरायली हथियार खरीदना भी शामिल है।
UAE और पाकिस्तान-सऊदी संबंध
पाकिस्तान और UAE के संबंध अब तक मजबूत रहे हैं, खासकर कॉमर्शियल एविएशन और कारोबार में। पाकिस्तान ने 1980 के दशक में UAE की सफल एयरलाइन एमिरेट्स को स्थापित करने में मदद की थी। UAE की GAAC कंपनी अफगानिस्तान के काबुल, हेरात और कंधार एयरपोर्ट पर ग्राउंड सर्विस देती है। पाकिस्तान की घाटे में चल रही नेशनल कैरियर को हाल ही में पाकिस्तानी टाइकून आरिफ हबीब के नेतृत्व वाले समूह को बेच दिया गया।
मिडिल ईस्ट आई के अनुसार, पाकिस्तान ने लंबे समय तक सऊदी अरब की सेना को ट्रेनिंग देने और उसमें हिस्सा लेने के लिए मिलिट्री ऑफिसर भेजे। बदले में रियाद ने पाकिस्तान को वित्तीय मदद दी और 2018 में 6 अरब डॉलर की मदद दी थी। सऊदी अरब और पाकिस्तान के बीच सितंबर 2025 में डिफेंस पैक्ट साइन किया गया।
भारत-इजरायल से सैन्य संबंध बढ़ा रहा UAE
वहीं, UAE ने भारत के साथ रक्षा संबंध मजबूत करने के लिए कई कदम उठाए हैं। इसमें भारत को 3 अरब डॉलर की गैस सप्लाई और गुजरात में इन्वेस्टमेंट जोन विकसित करने के लिए “मेगा पार्टनरशिप” शामिल है। UAE के राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान ने हाल ही में भारत की यात्रा की और रक्षा व न्यूक्लियर टेक्नोलॉजी में सहयोग के लिए लेटर ऑफ़ इंटेंट पर हस्ताक्षर किए।
विश्लेषकों के अनुसार, UAE भारत के साथ घनिष्ठ संबंधों के माध्यम से हिंद महासागर और लाल सागर में अपनी स्थिति मजबूत करना चाहता है। UAE, इजरायल, इथियोपिया और भारत के साथ ओवरलैपिंग सुरक्षा गठबंधन बना रहा है, जिससे हॉर्न ऑफ अफ्रीका से लेकर इंडो-पैसिफिक तक उसका प्रभाव बढ़े। इसके अलावा UAE भारत के रास्ते इजरायली हथियार खरीदने पर भी विचार कर रहा है, जैसे बराक-8 एयर डिफेंस सिस्टम और एडवांस ड्रोन।