Sunday, January 25

दिल्ली: ऑनलाइन चालान भरने के नाम पर बुजुर्ग से 2.5 लाख रुपये की साइबर ठगी, पुलिस ने दी चेतावनी

नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में ऑनलाइन ट्रैफिक चालान भरने के नाम पर साइबर ठगों ने बुजुर्ग का 2.5 लाख रुपये का शिकार बना लिया। यह घटना पूर्वी दिल्ली के लक्ष्मी नगर इलाके की है। पुलिस ने लोगों को अनजान लिंक, QR कोड या थर्ड-पार्टी ऐप से चालान भुगतान करने से सावधान रहने की चेतावनी दी है।

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घटना का विवरण:
65 वर्षीय व्यक्ति की पत्नी को 13 जनवरी को एक अज्ञात नंबर से SMS आया, जिसमें उनके वाहन का चालान ऑनलाइन भरने के लिए लिंक था। विश्वास कर उन्होंने लिंक पर क्लिक किया और 500 रुपये का छोटा चालान भरने की कोशिश की। कुछ ही मिनटों में उनके क्रेडिट कार्ड से 2,49,246.61 रुपये कट गए, जिसमें विदेशी मुद्रा भी शामिल थी। पुलिस ने मामले में धोखाधड़ी और पहचान छिपाने का केस दर्ज किया।

साइबर ठगों की चाल:

  • अपराधी खुद को परिवहन अधिकारी या मंत्रालय का कर्मचारी बताकर डराते हैं।
  • लिंक और वेबसाइट बिल्कुल असली सरकारी पोर्टल जैसी दिखाई देती है।
  • वे किसी तीसरे ऐप, एजेंट या अनजान वेबसाइट से तुरंत भुगतान करने के लिए कहते हैं।
  • SMS या WhatsApp के जरिए तुरंत भुगतान की धमकी देकर बैंक जानकारी चुराते हैं।

साइबर ठगी से बचने के उपाय:

  • चालान का भुगतान केवल आधिकारिक पोर्टल से करें।
  • केवल दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के व्हाट्सएप चैटबॉट (+91 8007103020) का उपयोग करें।
  • किसी लिंक पर क्लिक करने से पहले वेबसाइट URL की जांच करें।
  • OTP, बैंक जानकारी, कार्ड नंबर या CVV साझा न करें।
  • किसी थर्ड-पार्टी ऐप या एजेंट का उपयोग न करें।
  • अपनी गाड़ी या लाइसेंस नंबर से चालान की स्वतंत्र जांच करें।

अगर ठगी हो जाए:

  • पहले 60 मिनट (गोल्डन आवर) में तुरंत कार्रवाई करें।
  • नेशनल साइबर क्राइम हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें।
  • cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं।
  • अपने बैंक या कार्ड कंपनी को तुरंत सूचित करके अकाउंट ब्लॉक कराएं।

पुलिस ने चेतावनी दी है कि थोड़ी सी लापरवाही आपको साइबर ठगों का अगला शिकार बना सकती है, इसलिए हमेशा सरकारी पोर्टल और भरोसेमंद माध्यमों से ही भुगतान करें।

 

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