
झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले के सारंडा जंगल में गुरुवार को सुरक्षा बलों ने एक ऐतिहासिक अभियान को अंजाम दिया। किरीबुरु थाना क्षेत्र के कुमडी में हुई भीषण मुठभेड़ में माओवादी संगठन के शीर्ष नेता पतिराम मांझी उर्फ अनल दा समेत कुल 15 माओवादी मारे गए। अनल दा पर झारखंड और केंद्र सरकार ने एक करोड़ रुपये का इनाम घोषित किया हुआ था।
सुरक्षा बलों की कार्रवाई:
पुलिस महानिरीक्षक (ऑपरेशन) माइकल राज एस ने बताया कि केंद्रीय रिज़र्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की कोबरा इकाई के लगभग 1,500 जवानों ने सारंडा के जंगल में अभियान चलाया। मुठभेड़ सुबह छह बजे शुरू हुई और सुरक्षा बलों ने भारी मात्रा में हथियार और गोला-बारूद भी बरामद किया।
मारे गए माओवादी और इनामी राशि:
पुलिस ने 15 माओवादियों में से 11 की पहचान की है:
अनल उर्फ पतिराम मांझी (CCM) – 1 करोड़ इनामी
अनमोल उर्फ सुशांत (BJSAC) – 25 लाख इनामी
अमित मुण्डा (RCM) – 15 लाख इनामी
पिन्टु लोहरा (SZC) – 5 लाख इनामी
लालजीत उर्फ लालु (SZC) – 5 लाख इनामी
अन्य माओवादी – राजेश मुण्डा, बुलबुल अलदा, बबिता, पूर्णिमा, सुरजमुनी, जोंगा
अनल दा की सक्रियता और आतंक का साम्राज्य:
गिरिडीह जिले के पिरतांड निवासी अनल दा 1987 से माओवादी संगठन में सक्रिय था। वर्षों से पुलिस और सुरक्षा बल उसकी तलाश कर रहे थे। कोल्हान और सारंडा क्षेत्र झारखंड में माओवादी गतिविधियों का अंतिम गढ़ माना जाता था। अधिकारियों ने बताया कि सुरक्षा बलों ने अब उसकी गतिविधियों को बूढ़ा पहाड़, चतरा, लातेहार, गुमला, लोहरदगा, रांची और पारसनाथ तक सीमित कर दिया है।