
मथुरा। दिल्ली से कोटा जा रही 12060 जनशताब्दी एक्सप्रेस में गुरुवार को बम होने की सूचना से अफरा-तफरी मच गई। एहतियातन ट्रेन को मथुरा जंक्शन के प्लेटफॉर्म नंबर 7 पर रोका गया और सभी यात्रियों को तत्काल उतार दिया गया। सूचना मिलते ही स्टेशन को छावनी में तब्दील कर दिया गया। करीब एक घंटे तक चले सघन तलाशी अभियान के बाद बम की सूचना को फर्जी पाया गया, जिससे यात्रियों और सुरक्षा एजेंसियों ने राहत की सांस ली।
दोपहर करीब 2:05 बजे रेलवे कंट्रोल रूम को ट्रेन में बम रखे होने की सूचना मिली थी। इसके बाद 2:25 बजे ट्रेन के मथुरा पहुंचते ही आरपीएफ, जीआरपी, बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वायड ने मोर्चा संभाल लिया। सुरक्षा कारणों से यात्रियों को ट्रेन से उतारकर प्लेटफॉर्म और आसपास के क्षेत्र को खाली कराया गया। अचानक हुई कार्रवाई से स्टेशन पर कुछ देर के लिए दहशत का माहौल बन गया।
एक शब्द से मची अफरा-तफरी
जांच में सामने आया कि ट्रेन में सवार गोविंद नामक युवक, जो दिल्ली में स्वास्थ्य मंत्रालय में कार्यरत है, अपनी प्रेमिका से वीडियो कॉल पर बातचीत कर रहा था। बातचीत के दौरान उसने ‘बम/बॉम’ शब्द का इस्तेमाल किया, जिसे पास खड़े एक यात्री ने गंभीर खतरे के रूप में समझ लिया। घबराए यात्री ने तुरंत टीटीई को सूचना दी, जिसके बाद रेलवे हेल्पलाइन 139 के माध्यम से कंट्रोल रूम को अलर्ट किया गया।
तलाशी में नहीं मिला कोई संदिग्ध सामान
सूचना के बाद ट्रेन के सभी कोच, यात्रियों के सामान और प्लेटफॉर्म की गहन जांच की गई, लेकिन कहीं भी कोई विस्फोटक या संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। पूछताछ में युवक द्वारा दी गई जानकारी और दस्तावेजों की पुष्टि के बाद स्पष्ट हुआ कि बम की सूचना पूरी तरह अफवाह थी। इसके बाद युवक को छोड़ दिया गया।
यात्रियों को दी गई सतर्क रहने की सलाह
करीब एक घंटे की देरी के बाद जांच पूरी होने पर जनशताब्दी एक्सप्रेस को कोटा के लिए रवाना किया गया। रेलवे अधिकारियों ने यात्रियों से अपील की है कि किसी भी तरह की अपुष्ट सूचना या अफवाह पर ध्यान न दें, क्योंकि ऐसी घटनाएं न केवल दहशत फैलाती हैं बल्कि सुरक्षा एजेंसियों पर अनावश्यक दबाव भी बनाती हैं।