
नई दिल्ली, 21 जनवरी 2026 – रोहतक रोड पर स्थित मुंडका मेट्रो स्टेशन के आसपास सिविक एजेंसियों की अनदेखी से हालात बदतर हो गए हैं। खुले नाले, गड्ढे और जलभराव ने यात्रियों के लिए स्टेशन तक पहुंचना जोखिम भरा बना दिया है।
स्टेशन का अंदरूनी हिस्सा ठीक है, लेकिन बाहर का इलाका किसी बड़े गटर जोन का रूप ले चुका है। दोनों तरफ के एंट्री गेटों के पास खुले मैनहोल और कीचड़ यात्रियों के लिए गंभीर खतरा बन गए हैं। गेट नंबर 2 पर दिव्यांग और बुजुर्गों के लिए एस्केलेटर और लिफ्ट लगी हैं, लेकिन यात्रियों को पहले करीब 4 फीट लंबे खुले मैनहोल को पार करना पड़ता है, जो पानी से भरा हुआ है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि मुंडका-रोहतक रोड पर नाले का निर्माण चल रहा है, लेकिन काम में अनियमितताओं और देरी के कारण हालात जस के तस हैं। रात के अंधेरे में सड़क और खुले नाले के बीच गैप स्पष्ट नहीं होता, जिससे हादसों का खतरा बढ़ जाता है। आसपास की कॉलोनियों के लोग नाले के ऊपर लकड़ी के फट्टे और अस्थायी सीढ़ियां रखकर गुजरने को मजबूर हैं।
स्थानीय नागरिक अधिकारियों से शीघ्र कार्रवाई की मांग कर रहे हैं ताकि मेट्रो स्टेशन तक सुरक्षित आवागमन सुनिश्चित किया जा सके।