
झांसी। उत्तर प्रदेश के झांसी जिले में गुटखा व्यापारी के मुनीम से हुई लूट की सनसनीखेज वारदात में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। फरार चल रहे दो आरोपियों को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है। मुठभेड़ में दोनों बदमाशों के पैर में गोली लगी, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
एसपी ग्रामीण अरविंद कुमार ने बताया कि चिरगांव थाना पुलिस को सोमवार देर रात सूचना मिली थी कि 11 जनवरी को हुई लूट की वारदात में शामिल मध्य प्रदेश के दतिया निवासी नरेश परिहार और जितेंद्र पटेल भांडेर रोड पर मौजूद हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने इलाके की घेराबंदी कर दी। खुद को घिरा देख बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग कर दी, जिसके जवाब में पुलिस ने आत्मरक्षा में गोली चलाई। इस दौरान दोनों बदमाश घायल हो गए और मौके से दबोच लिए गए।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो तमंचे, लूटे गए पांच लाख रुपये नकद, मोबाइल फोन और 58 कूपन से भरा थैला बरामद किया है। दोनों की पहचान नरेश परिहार और जितेंद्र पटेल के रूप में हुई है, जो दतिया (मध्य प्रदेश) के रहने वाले हैं।
पुलिस के अनुसार, इस पूरे लूटकांड की साजिश रचने वाले मुख्य आरोपी विकास पाल को पहले ही जेल भेजा जा चुका है। विकास पाल रक्सा थाना क्षेत्र के पहाड़ी गांव का रहने वाला है और वह गुटखा कारोबारी विष्णु गुप्ता की कार चलाता था। विष्णु गुप्ता के यहां उरई निवासी सर्वेश कुशवाहा मुनीम का काम करता है।
घटना वाले दिन मुनीम सर्वेश कुशवाहा को कलेक्शन के लिए कार से ले जाने वाला ड्राइवर विकास पाल ही था। उसी ने पूरी योजना के तहत लूट की साजिश रची और वारदात को अंजाम दिलवाया। जैसे ही मुनीम रकम इकट्ठा कर जमा करने के लिए निकला, आरोपियों ने उसे निशाना बना लिया।
पुलिस अब पूरे गिरोह के आपराधिक नेटवर्क की जांच कर रही है और अन्य संभावित आरोपियों की तलाश जारी है।