
मुंबई।
टीवी अभिनेता अनुज सचदेवा ने मुंबई में उन पर हुए हमले को लेकर बड़ा और सनसनीखेज खुलासा किया है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा है कि यह महज मारपीट की घटना नहीं, बल्कि जानलेवा हमला यानी मर्डर की कोशिश थी। अभिनेता का आरोप है कि न केवल उन पर हमला हुआ, बल्कि पुलिस स्टेशन में उनकी FIR में हेरफेर की कोशिश भी की गई। इतना ही नहीं, आरोपी ने उन्हें खुलेआम धमकी दी कि “2026 तुम्हारा आखिरी साल होगा।”
अनुज ने यह बातें पत्रकार छवि हुसैन के पॉडकास्ट में बातचीत के दौरान कही हैं।
14 दिसंबर की रात क्या हुआ था
अनुज सचदेवा ने बताया कि यह घटना 14 दिसंबर 2025 की रात की है। वह अपने एक दोस्त के साथ अपने कुत्ते को टहलाने निकले थे। इसी दौरान उन्होंने सड़क किनारे गलत तरीके से खड़ी एक कार देखी और उसकी फोटो खींचकर सोसाइटी के ग्रुप में डालने का फैसला किया।
अनुज के मुताबिक,
“तभी एक व्यक्ति मेरे पास आया, मुझसे बहस करने लगा और अचानक मेरी ओर झपट पड़ा।”
कुत्ते पर किया हमला, हालात बिगड़े
अनुज ने आगे बताया कि जब वह व्यक्ति चिल्लाने लगा तो उनका कुत्ता स्वाभाविक रूप से उनकी रक्षा के लिए आगे बढ़ा। इस पर आरोपी और हिंसक हो गया।
अनुज ने कहा,
“उसने मेरे कुत्ते को पीटना शुरू कर दिया। अगर आदमी अकेला हो तो वह पलटवार कर सकता है, लेकिन जब आपके साथ आपका पालतू या कोई महिला मित्र हो, तो आपकी पहली प्राथमिकता उनकी सुरक्षा होती है।”
उन्होंने बताया कि वायरल वीडियो में उनके दोस्त को चौकीदार को बुलाते हुए साफ सुना जा सकता है।
‘सिर पर वार मर्डर की कोशिश मानी जाती है’
पॉडकास्ट के दौरान अनुज ने कानून का हवाला देते हुए कहा,
“कोर्ट में इरादा सबसे अहम होता है। अगर कोई आपके सिर पर वार करता है, तो उसका मतलब साफ है—वह आपको जान से मारना चाहता है। यह मर्डर की कोशिश है।”
हमले के बाद अनुज शिकायत दर्ज कराने पुलिस स्टेशन पहुंचे, जहां उन्हें एक और झटका लगा।
FIR में हेरफेर का आरोप
अनुज का आरोप है कि पुलिस स्टेशन में उनकी शिकायत के दौरान दूसरे थाने से आए एक पुलिसकर्मी ने FIR में बदलाव करने की कोशिश की। इसी दौरान हमला करने वाला आरोपी भी वहां पहुंच गया और उन्हें धमकाने लगा।
अनुज के अनुसार,
“उसने पुलिस स्टेशन में ही मुझे धमकी दी कि 2026 मेरा आखिरी साल होगा। मुझे मुंबई पुलिस से बहुत उम्मीदें थीं, लेकिन जो हुआ उसने मुझे अंदर तक हिला दिया।”
समाज की सुरक्षा पर सवाल
घटना का वीडियो साझा करते हुए अनुज सचदेवा ने समाज और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने लिखा,
“अगर अपनी ही सोसाइटी में गलत तरीके से खड़ी कार जैसी छोटी बात भी आपकी जान को खतरे में डाल सकती है, तो क्या हम वाकई सुरक्षित हैं?”
उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि
- क्या हिंसा के सामने चुप रहना सही है?
- क्या पलटवार करना अपराध है?
- क्या हमें हमेशा डर में जीना चाहिए?
गंभीर सवाल छोड़ गई घटना
अनुज सचदेवा के इस खुलासे ने शहरी सुरक्षा, पुलिस व्यवस्था और आम नागरिक के अधिकारों को लेकर एक बार फिर बहस छेड़ दी है। अब देखना होगा कि इस मामले में आगे क्या कार्रवाई होती है और पीड़ित को न्याय मिल पाता है या नहीं।