Sunday, January 25

LIC को ITC निवेश पर बड़ा झटका: 2 दिन में 10,445 करोड़ का नुकसान, सिगरेट पर टैक्स बढ़ोतरी ने शेयरों में मचाया हड़कंप

 

This slideshow requires JavaScript.

नई दिल्ली: लाइफ इंश्योरेंस कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (LIC) को आईटीसी में अपने निवेश पर दो ही दिनों में 10,445 करोड़ रुपये का बड़ा नुकसान हुआ है। इसकी वजह सिगरेट पर बढ़ाई गई एक्साइज ड्यूटी है, जिसने आईटीसी के शेयरों में भारी गिरावट ला दी।

 

एलआईसी, जो भारत का सबसे बड़ा संस्थागत निवेशक है, के पास सितंबर तिमाही के अंत में आईटीसी में 15.86 फीसदी हिस्सेदारी थी, यानी करीब 199 करोड़ इक्विटी शेयर। इस बड़ी हिस्सेदारी के मूल्य में आई गिरावट ने LIC को झटका दिया है।

 

वित्त मंत्रालय ने बुधवार देर रात नई अधिसूचना जारी की, जिसके तहत 1 फरवरी से सिगरेट पर संशोधित उत्पाद शुल्क लागू होगा। नई व्यवस्था में सिगरेट की लंबाई के आधार पर प्रति 1,000 सिगरेट पर 2,050 रुपये से लेकर 8,500 रुपये तक का शुल्क लगेगा। इस कदम ने तंबाकू उद्योग में हड़कंप मचा दिया और शेयर बाजार में भारी बिकवाली शुरू हो गई।

 

आईटीसी के शेयर शुक्रवार को तीन साल के निचले स्तर 345.35 रुपये पर पहुँच गए। सत्र के अंत में शेयर 350.10 रुपये पर बंद हुआ, जो पिछले बंद भाव से 3.8 फीसदी कम था। पिछले दो कारोबारी दिनों में शेयर में कुल 14 फीसदी की गिरावट आई है।

 

ब्रोकरेज फर्मों ने भी आईटीसी की रेटिंग घटाई है। मोतीलाल ओसवाल ने कहा कि टैक्स बढ़ोतरी लगभग 50 फीसदी है और कंपनी को अपने उत्पादों की कीमतें कम से कम 25 फीसदी बढ़ानी पड़ेंगी। जेफरीज ने भी शेयर को ‘बाय’ से ‘होल्ड’ कर दिया है और चेतावनी दी है कि अगर पूरी लागत ग्राहकों पर डाली गई तो प्रभावी टैक्स बढ़ोतरी 70 फीसदी तक हो सकती है।

 

विशेषज्ञों का कहना है कि हाल की टैक्स बढ़ोतरी ने आईटीसी के भविष्य पर अनिश्चितता और बढ़ा दी है। पिछले एक साल में कंपनी के शेयर पहले ही लगभग 28 फीसदी गिर चुके थे। अब यह नया झटका निवेशकों के लिए गंभीर चुनौती बन गया है।

 

 

Leave a Reply