
समस्तीपुर: जिले के विद्यापति नगर थाना क्षेत्र के शेरपुर गांव में डिप्टी जेलर नंदू चौधरी की पत्नी श्वेता का शव घर में ही फंदे से लटका मिला। श्वेता की मौत ने परिवार और गांव में सनसनी फैला दी है। मृतका का परिवार इसे हत्या करार दे रहा है और आरोपी के रूप में पति नंदू चौधरी, सास और ससुर का नाम ले रहा है।
श्वेता बिहार की राजधानी पटना के अगमकुआं इलाके की निवासी थीं। उनका शव मिलने के बाद पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। श्वेता के भाई का आरोप है कि पति और ससुरालवालों ने मिलकर हत्या की और बाद में इसे आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की।
दहेज और मारपीट के आरोप
श्वेता की शादी 31 मई 2023 को समस्तीपुर में डिप्टी जेलर नंदू चौधरी से हुई थी। शादी के समय उसके परिवार ने दहेज में फॉर्च्यूनर कार और अन्य सामान दिए थे। इसके बावजूद, ससुराल पक्ष लगातार और अधिक दहेज की मांग करता रहा। श्वेता के भाई का कहना है कि मौत से लगभग 19-20 दिन पहले भी उसके साथ मारपीट हुई थी। जब परिवार थाने केस करने जा रहा था, तब ससुराल पक्ष ने माफी और सुलह की बात कहकर रोक दिया।
संदिग्ध परिस्थितियाँ और अनसुलझे सवाल
श्वेता के परिवार ने कई ऐसे सवाल उठाए हैं जो मामले की गुत्थी को और जटिल बना रहे हैं:
-
डिप्टी जेलर नंदू चौधरी के पास अपना सरकारी क्वार्टर था, फिर भी उन्होंने पत्नी को साथ क्यों नहीं रखा?
-
वह अपनी बच्ची की तबीयत खराब होने का हवाला देकर 11 दिन की छुट्टी पर निकला था।
-
इस दौरान श्वेता की मौत हुई, तो नंदू उस समय कहां थे?
कांड के बाद से ही पुलिस नंदू और उसके परिवार की तलाश कर रही है। पूरे इलाके में मृतका की मौत को लेकर लोगों में चिंता और तनाव व्याप्त है।
