
झारखंड की रोमा श्रीवास्तव की कहानी युवाओं के लिए प्रेरणा है। उनका लक्ष्य सिर्फ IAS अफसर बनना था, और इस जुनून के चलते उन्होंने UPSC की परीक्षा 4 साल में तीन बार दी और अंततः 2019 में रैंक-70 हासिल कर IAS बनीं।
शिक्षा और करियर की शुरुआत:
12वीं के बाद रोमा ने NIT रायपुर से इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग में बीटेक किया। इसके बाद उन्होंने CAT की तैयारी की और IIM इंदौर से मार्केटिंग में MBA किया। MBA करने के बाद रोमा ने कोल इंडिया में असिस्टेंट मैनेजर के पद पर काम किया, लेकिन सिविल सर्विस का सपना उन्हें पीछे नहीं हटने दिया।
सेल्फ स्टडी और YouTube का साथ:
UPSC जैसी कठिन परीक्षा के लिए अधिकांश छात्र कोचिंग ज्वॉइन करते हैं, लेकिन रोमा ने सेल्फ स्टडी पर भरोसा किया। जिन्हें टॉपिक समझ में नहीं आते थे, वे YouTube वीडियो लेक्चर देखकर अपनी पढ़ाई को मजबूत करती थीं।
तीन प्रयास और लगातार लगन:
- 2016: पहला प्रयास, असफल।
- 2017: दूसरा प्रयास, इंडियन पोस्ट एंड टेलीकॉम सर्विसेज में चयन।
- 2018: तीसरा प्रयास, IPS बनीं।
- 2019: रैंक-70, IAS का मनचाहा पद हासिल।
रोमा श्रीवास्तव की कहानी बताती है कि लगन, स्मार्ट रिसोर्सेज और लगातार मेहनत से कोई भी सपना पूरा किया जा सकता है। आज रोमा उन छात्रों के लिए प्रेरणा हैं, जो IAS बनने का सपना देखते हैं और किसी भी कठिनाई से पीछे नहीं हटते।