
लखनऊ: उत्तर प्रदेश विधानसभा में योगी आदित्यनाथ सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 का 9.12 लाख करोड़ रुपये का बजट पेश किया। यह अब तक का सबसे बड़ा बजट है। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने विधानसभा में बजट पेश करते हुए प्रदेशवासियों और खासकर किसानों, युवाओं, महिलाओं और गरीबों के लिए कई अहम घोषणाएं कीं।
1. गरीबी रेखा से 6 करोड़ लोग बाहर
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प्रदेश में प्रति व्यक्ति आय 1.20 लाख रुपये अनुमानित।
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सरकार ने बहुआयामी गरीबी से 6 करोड़ लोगों को ऊपर उठाया।
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बेरोजगारी दर घटकर 2.24 फीसदी।
2. 43 हजार करोड़ की नई योजनाएं
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स्टेट डेटा अथॉरिटी और डेटा सेंटर क्लस्टर।
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एआई मिशन और टेक युवा समर्थ योजना।
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सौर ऊर्जा आधारित नलकूप, कौशल विकास केंद्रों का विस्तार।
3. शिक्षा और स्वास्थ्य पर जोर
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शिक्षा पर कुल बजट का 12.4% और स्वास्थ्य पर 6% आवंटन।
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14 नए मेडिकल कालेजों के लिए 1023 करोड़ रुपये।
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चिकित्सा शिक्षा 14,997 करोड़, स्वास्थ्य 37,956 करोड़, उच्च शिक्षा 6,591 करोड़।
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कैंसर संस्थान के लिए 315 करोड़, असाध्य रोगों के इलाज के लिए 130 करोड़।
4. औद्योगिक विकास पर फोकस
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औद्योगिक विकास के लिए 27,103 करोड़ रुपये।
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10 हजार रोजगार अवसर पैदा करने का लक्ष्य।
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युवाओं और महिलाओं के लिए कौशल विकास केंद्र।
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सरदार वल्लभ भाई पटेल एम्प्लॉयमेंट एंड इंडस्ट्रियल जोन के लिए 575 करोड़।
5. छोटे और मझोले उद्योगों का विकास
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एमएसएमई सेक्टर के लिए 3,822 करोड़ रुपये।
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मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना के लिए 225 करोड़।
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मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के लिए 1,000 करोड़।
6. ऊर्जा क्षेत्र का बजट
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65,926 करोड़ रुपये का प्रावधान।
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सौर ऊर्जा प्लांट और 8 डेटा सेंटर पार्क।
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900 मेगावॉट क्षमता का लक्ष्य।
7. सड़कों और सेतु निर्माण पर जोर
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सड़क और सेतु निर्माण के लिए 34,468 करोड़ रुपये।
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नॉर्थ-साउथ कॉरिडोर के लिए 400 करोड़।
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फ्लाईओवर और ग्रामीण सड़कों के विकास पर खर्च।
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नमामि गंगे एवं ग्रामीण जलापूर्ति के लिए 22,676 करोड़।
8. हवाई यात्रा का विकास
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नए हवाई अड्डों के विकास और भूमि अर्जन के लिए 1,100 करोड़।
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नागरिक उड्डयन के लिए 2,111 करोड़।
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नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर पांच पट्टियों का निर्माण, 750 करोड़ रुपये का प्रावधान।
9. नए स्मार्ट सिटी और धार्मिक पर्यटन
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सात नगर निगम क्षेत्र स्मार्ट सिटी के रूप में विकसित: अयोध्या, फिरोजाबाद, गोरखपुर, गाजियाबाद, मथुरा-वृंदावन, मेरठ और शाहजहांपुर।
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नई सिटी इकोनॉमिक रीजन योजना के लिए 100 करोड़।
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अयोध्या के विकास और धार्मिक पर्यटन पर 100 करोड़।
10. गरीब परिवारों की बेटियों के विवाह के लिए 150 करोड़
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अनुसूचित जाति की बेटियों के लिए 100 करोड़।
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सामान्य वर्ग के निर्धन परिवार की बेटियों के लिए 50 करोड़।
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विवाह योजना में अनुदान राशि 51 हजार से बढ़ाकर 1 लाख रुपये।
संपादक की टिप्पणी: यूपी सरकार का यह बजट प्रदेश के विकास और समाज के हर वर्ग को साधने का महत्वपूर्ण प्रयास है।
