
जयपुर: राजस्थान का बजट 2026-27 आज यानी बुधवार सुबह 11 बजे राज्य विधानसभा में पेश किया जाएगा। इस बजट को तैयार करने में वित्त विभाग के पांच अधिकारियों की प्रमुख भूमिका रही। छह महीने की मेहनत और गहन समीक्षा के बाद यह बजट तैयार हुआ है, जिसमें विकास और वित्तीय अनुशासन का संतुलन रखा गया है।
मुख्य बजट अधिकारी और उनकी भूमिका:
| क्रमांक | अधिकारी का नाम | पदनाम | भूमिका/अनुभव |
|---|---|---|---|
| 1 | वैभव गालरिया | प्रमुख वित्त सचिव | पहली बार बजट प्रक्रिया का नेतृत्व किया; मसौदे की तैयारियों और प्रावधानों को अंतिम रूप दिया। |
| 2 | टीना सोनी | वित्त (व्यय) सचिव | पहली बार बजट प्रक्रिया में शामिल; व्यय प्रस्तावों का परीक्षण और व्यावहारिक मांगों का आकलन। |
| 3 | राजन विशाल | वित्त (बजट) सचिव | पहली बार बजट में भागीदारी; बजट प्रावधानों का विश्लेषण और समीक्षा। |
| 4 | कुमार पाल गौतम | वित्त (राजस्व) सचिव | दूसरा बजट अनुभव; कर, शुल्क और अन्य स्रोतों से संभावित आय का आकलन। |
| 5 | बृजेश किशोर शर्मा | वित्त (बजट) निदेशक | छठा बजट अनुभव; राजस्व, ऋण और वित्तीय प्रबंधन से जुड़ी जिम्मेदारियां। |
वित्त विभाग की इस टीम ने विभिन्न विभागों से प्रस्ताव, राजस्व संभावनाएं और व्यय मांगों का गहन विश्लेषण किया। इसके बाद मसौदे को अंतिम रूप दिया गया।
सदन में कार्यवाही का कार्यक्रम:
बजट पेश होने के बाद कार्य सलाहकार समिति की बैठक होगी, जिसके बाद तीन दिन तक बजट पर बहस चलेगी। चौथे दिन सरकार जवाब देगी और अगले आठ दिन तक अनुदान मांगों पर चर्चा होगी। सरकार का लक्ष्य है कि बजट 27-28 फरवरी तक पारित कर दिया जाए।
उपमुख्यमंत्री (वित्त) दीया कुमारी आज सदन में बजट पेश करेंगी।
