
मुंबई। मुंबई के डांस बारों में काम करने वाली महिलाओं ने पुलिस के कथित अनुचित व्यवहार को लेकर महाराष्ट्र राज्य महिला आयोग का दरवाजा खटखटाया है। अंधेरी क्षेत्र के पब और बार में काम करने वाली कई बार डांसरों ने पुलिस अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए लिखित शिकायत दर्ज कराई है।
शिकायत में महिलाओं का कहना है कि कुछ पुलिसकर्मी बिना अनुमति जबरन सेल्फी लेते हैं, चेंजिंग रूम में घुस जाते हैं और बाद में उनका फोन नंबर व घर का पता मांगते हैं। महिलाओं ने इसे अपमानजनक, असुरक्षित और भय पैदा करने वाला व्यवहार बताया है।
रात 9:30 के बाद बार में आकर करते हैं दुर्व्यवहार
बार डांसरों के अनुसार, पुलिसकर्मी अक्सर रात 9:30 बजे के बाद बार में पहुंचकर अनावश्यक पूछताछ और दबाव बनाने जैसी गतिविधियां करते हैं। इससे महिलाओं को मानसिक तनाव झेलना पड़ता है और वे खुद को असुरक्षित महसूस करती हैं।
फोटो लीक होने का डर, परिवार पर पड़ सकता है असर
महिलाओं ने आयोग को बताया कि जबरन ली गई तस्वीरें यदि सार्वजनिक हो गईं, तो उनके परिवार और बच्चों की जिंदगी पर गंभीर असर पड़ सकता है। इसी डर के कारण वे लंबे समय से मानसिक दबाव में काम कर रही हैं।
बार मालिकों ने भी उठाई आवाज
बार डांसरों के समर्थन में बार मालिकों ने भी पुलिस के रवैए पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि पुलिस अक्सर छापेमारी और लाइसेंस रद्द करने की धमकी देकर कारोबार पर दबाव बनाती है। इससे ग्राहक असहज होते हैं और व्यापार प्रभावित हो रहा है।
डांस बार विवाद फिर चर्चा में
गौरतलब है कि मुंबई में डांस बार वर्ष 2005 में बंद कर दिए गए थे, लेकिन सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद 2016 में इन्हें फिर से खोलने की अनुमति मिली। इसके बाद 2019 में सुप्रीम कोर्ट ने डांस बार संचालन के लिए नियम भी तय किए थे। फिलहाल मुंबई में डांस बारों को रात 11:30 बजे तक संचालन की अनुमति है।
इस मामले पर अभी तक महाराष्ट्र राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष रुपाली चाकणकर या पुलिस विभाग की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
