
नई दिल्ली: भारत अंडर-19 क्रिकेट टीम ने अंडर-19 विश्व कप 2026 के सेमीफाइनल में अफगानिस्तान को मात देकर फाइनल में जगह पक्की कर ली। हरारे स्पोर्ट्स क्लब में खेले गए इस रोमांचक मुकाबले में भारतीय बल्लेबाजों ने शानदार प्रदर्शन किया। वैभव सूर्यवंशी ने मात्र 33 गेंदों पर 68 रन बनाए, जबकि कप्तान आयुष म्हात्रे ने 59 गेंदों में 62 रन ठोके। लेकिन इस जीत का असली नायक सलामी बल्लेबाज आरोन जॉर्ज रहे।
जॉर्ज ने 104 गेंदों में 115 रन की शतकीय पारी खेली, जिसमें उन्होंने 15 चौके और 2 छक्के लगाए। उनकी आक्रामक और संयमित बल्लेबाजी ने टीम को मुश्किल लक्ष्य के सामने मजबूती प्रदान की और भारत ने 42वें ओवर में ही 311 रनों का लक्ष्य पूरा कर लिया। यह अंडर-19 विश्व कप का अब तक का सबसे बड़ा रन चेज़ माना जा रहा है।
कौन हैं आरोन जॉर्ज?
19 वर्षीय आरोन जॉर्ज का जन्म केरल में हुआ, लेकिन वह हैदराबाद में पले-बढ़े और वहीं से घरेलू क्रिकेट खेलते हैं। उन्होंने 2022-23 में विजय मर्चेंट ट्रॉफी में टीम की कप्तानी भी की थी और बिहार के खिलाफ 303 रन की धमाकेदार पारी खेली। इसके अलावा वीनू मांकड ट्रॉफी में पिछले दो सीज़न में 341 और 373 रन बना चुके हैं।
क्रिकेट के प्रति उनका लगाव बचपन से ही नजर आया। रिपोर्ट्स के अनुसार, चौथे जन्मदिन पर उन्हें प्लास्टिक का बैट गिफ्ट मिला था। कई बच्चों की तरह यह बैट केवल खेल-खेल में नहीं बल्कि जॉर्ज ने इसे सीधा चलाकर अभ्यास शुरू कर दिया। यही से उनकी क्रिकेट यात्रा की शुरुआत हुई।
पिता का महत्वपूर्ण योगदान
आरोन के क्रिकेट करियर में उनके पिता ईसो वर्गीज का योगदान अहम रहा। खुद कभी क्रिकेटर बनने का सपना अधूरा रह गया, उन्होंने लोकल स्तर पर खेलते हुए और बाद में कॉर्पोरेट सेक्टर में काम करके अपने बेटे के करियर पर पूरा ध्यान दिया।
भारतीय टीम की यह जीत क्रिकेट फैंस के लिए उत्साहजनक रही, और अब सभी की निगाहें फाइनल मुकाबले पर टिकी हैं।