
नई दिल्ली: केंद्रीय बजट 2026-27 को विकसित और आत्मनिर्भर भारत की दिशा में एक मजबूत कदम बताते हुए दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि यह बजट राजधानी के लिए नए अवसरों के द्वार खोलेगा। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को धन्यवाद देते हुए इसे आर्थिक मजबूती और सामाजिक संतुलन का उत्कृष्ट उदाहरण बताया।
मुख्यमंत्री ने बताया कि इस बजट की तीन मुख्य प्राथमिकताएं हैं:
-
देश की आर्थिक गति को तेज और स्थिर बनाना।
-
नागरिकों की क्षमताओं को बढ़ाकर हर व्यक्ति को विकास में शामिल करना।
-
‘सबका साथ, सबका विकास’ को जमीन पर उतारना।
उन्होंने कहा कि बजट विशेष रूप से युवाओं, महिलाओं, गरीब और मध्यम वर्ग के हित में बनाया गया है। इसके तहत दिल्ली के लिए सीधे 1,348 करोड़ रुपये की केंद्रीय सहायता का प्रावधान किया गया है, जो इंफ्रास्ट्रक्चर, पानी और अन्य बुनियादी सुविधाओं पर खर्च होगी। चंद्रावल जल परियोजना जैसी योजनाओं से दिल्ली में 24 घंटे पानी की उपलब्धता को बढ़ावा मिलेगा।
सुरक्षा पर ध्यान देते हुए उन्होंने बताया कि दिल्ली पुलिस का पूरा खर्च केंद्र सरकार उठाती है, और वर्ष 2026-27 के लिए इसके लिए 12,503 करोड़ रुपये रखे गए हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सांकेतिक पूंजी निवेश योजना (SASCI) का आकार बढ़ाकर 2 लाख करोड़ रुपये कर दिया गया है, जिससे सड़क, फ्लाईओवर, बस, पानी और सीवरेज जैसी परियोजनाओं में तेजी आएगी।
इसके अलावा, दिल्ली-वाराणसी हाई-स्पीड रेल परियोजना से व्यापार और पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, जबकि एमएसएमई और सर्विस सेक्टर के लिए 10,000 करोड़ रुपये का फंड छोटे कारोबारियों और पेशेवरों के लिए राहत देगा।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि बजट में लिए गए फैसलों से ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा मिलेगा, जिससे दिल्ली में निवेश, रोजगार और आर्थिक विकास को नई गति मिलेगी।
रेखा गुप्ता ने आश्वस्त किया कि दिल्ली सरकार और केंद्र सरकार मिलकर हर योजना को धरातल पर उतारेंगी और इसका लाभ राजधानी के हर नागरिक तक पहुंचेगा।