Wednesday, March 4

बजट से पहले महंगे होंगे सिगरेट, तंबाकू और पान मसाला

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के आगामी बजट से पहले ही सिगरेट, तंबाकू और पान मसाले की कीमतों में बढ़ोतरी होने जा रही है। 1 फरवरी से इन उत्पादों पर नए उत्पाद शुल्क और स्वास्थ्य उपकर लागू होंगे। ये नए टैक्स दिसंबर 2025 में संसद द्वारा पारित किए जा चुके हैं।

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सिगरेट और तंबाकू पर नया टैक्स:

  • 1 फरवरी से केंद्रीय उत्पाद शुल्क अधिनियम में संशोधन के तहत सिगरेट की लंबाई के आधार पर प्रति स्टिक 2.05 रुपये से लेकर 8.50 रुपये तक अतिरिक्त टैक्स लगेगा।
    • 65 मिमी तक की छोटी बिना फिल्टर वाली सिगरेट पर 2.05 रुपये प्रति स्टिक।
    • छोटी फिल्टर वाली सिगरेट पर 2.10 रुपये प्रति स्टिक।
    • 65-70 मिमी लंबी सिगरेट पर 3.6-4 रुपये प्रति स्टिक।
    • 70-75 मिमी लंबी सिगरेट पर 5.4 रुपये प्रति स्टिक।
    • विशेष बनावट वाली सिगरेट पर 8.50 रुपये प्रति स्टिक।

तंबाकू और पान मसाला पर बदलाव:

  • चबाने वाले तंबाकू और जर्दा पर 82% एक्साइज ड्यूटी।
  • गुटखा पर 91% टैक्स।
  • पान मसाले पर पहले की तरह 88% टैक्स रहेगा।

नए नियम और निगरानी:

  • पान मसाला निर्माताओं को स्वास्थ्य और राष्ट्रीय सुरक्षा उपकर कानून के तहत नया पंजीकरण कराना होगा।
  • सभी पैकिंग मशीनों पर कार्यशील सीसीटीवी प्रणाली लगानी होगी और फुटेज 24 महीनों तक सुरक्षित रखना होगा।
  • यदि कोई मशीन लगातार 15 दिन तक बंद रहती है, तो उत्पाद शुल्क में छूट का दावा किया जा सकेगा।

बाज़ार पर असर:
Crisil Ratings का अनुमान है कि अगले वित्तीय वर्ष में सिगरेट की बिक्री 6-8% तक घट सकती है। नए टैक्स से राज्य सरकारों को भी एक्साइज राजस्व में बढ़ोतरी का फायदा मिलेगा।

सरकार का कहना है कि यह कदम स्वास्थ्य और राष्ट्रीय सुरक्षा दोनों के दृष्टिकोण से आवश्यक है और हानिकारक उत्पादों की खपत पर नियंत्रण में मदद करेगा।

 

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