
क्या आप अपने iPhone को किसी एंड्रॉयड स्मार्टफोन की Type-C केबल से चार्ज करने से बचते हैं? सोशल मीडिया पर इस बात को लेकर कई रील्स और अफवाहें वायरल हुई हैं कि इससे iPhone का चार्जिंग पोर्ट खराब हो सकता है। हालांकि हमारी पड़ताल में यह दावा ग़लत साबित हुआ।
ऐपल ने टाइप-C क्यों अपनाया
iPhone में Type-C पोर्ट ऐपल की मर्जी से नहीं, बल्कि EU यानी यूरोपीय यूनियन के नियमों के कारण आया है। यूरोपीय यूनियन ने मोबाइल डिवाइस के लिए यूनिवर्सल चार्जिंग स्टैंडर्ड लागू किया है, ताकि सभी डिवाइस किसी भी Type-C केबल से चार्ज हो सकें और इलेक्ट्रॉनिक वेस्ट कम हो।
कनेक्टर्स में फर्क क्यों दिखता है
एंड्रॉयड और iPhone की Type-C केबल में कनेक्टर्स अलग दिखते हैं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि फोन खराब हो जाएगा। USB Type-C पोर्ट में कुल 24 पिन होती हैं, लेकिन हर केबल में सभी पिन एक्टिव नहीं होती। ऐपल की केबल्स उनके थंडरबोल्ट पोर्ट और ईकोसिस्टम के लिए कस्टमाइज्ड होती हैं, इसलिए पिन लेआउट थोड़ा अलग नजर आता है।
अफवाह और हकीकत
Type-C का बेसिक स्ट्रक्चर यूनिवर्सल होता है। इसका मतलब है कि iPhone या एंड्रॉयड, दोनों ही फोन किसी भी Type-C केबल से चार्ज हो सकते हैं। अलग-अलग केबल्स से सिर्फ डेटा ट्रांसफर स्पीड में फर्क पड़ सकता है, फोन को कोई नुकसान नहीं होगा।
क्या ध्यान रखना चाहिए
iPhone के साथ किसी भी Type-C केबल का इस्तेमाल करते समय बस दो बातों का ध्यान रखें:
- अगर डेटा ट्रांसफर करना है तो उस डिवाइस के लिए बना विशेष केबल इस्तेमाल करें।
- केबल ब्रांडेड और अच्छी क्वालिटी की होनी चाहिए। नकली या खराब क्वालिटी की केबल से iPhone को नुकसान हो सकता है।
निष्कर्ष: एंड्रॉयड फोन की ओरिजनल Type-C केबल सुरक्षित है और इसे iPhone के साथ बेझिझक इस्तेमाल किया जा सकता है।