Saturday, January 17

आर माधवन: ‘धुरंधर’ गेम-चेंजर साबित होगी, मतभेद अपनी जगह पर देश सर्वोपरि

 

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नई दिल्ली: अभिनेता आर माधवन अपनी हालिया फिल्म धुरंधर की बम्पर सफलता का जश्न मना रहे हैं। आदित्य धर के निर्देशन में बनी यह स्पाई-एक्शन फिल्म रिलीज़ के 43 दिन में वर्ल्डवाइड 1275.25 करोड़ रुपये की कमाई कर चुकी है। माधवन ने नवभारत टाइम्स से खास बातचीत में कहा कि उन्हें पहले ही अंदाज़ा था कि यह फिल्म भारतीय सिनेमा में एक गेमचेंजर साबित होगी।

माधवन ने बताया, “जब मैंने कहानी सुनी, तब ही समझ गया था कि यह फिल्म सिर्फ मनोरंजन नहीं बल्कि सामाजिक और राष्ट्रीय दृष्टिकोण से भी महत्वपूर्ण है। मुझे उम्मीद थी कि फिल्म के सामाजिक पहलुओं पर चर्चा होगी, कि भारत किस दिशा में आगे बढ़ रहा है।”

अभिनेता ने हॉलीवुड फिल्मों की तुलना करते हुए कहा, “अमेरिका अपनी फिल्मों के जरिए दिखाता है कि हर संकट का हल सिर्फ उनके पास है। यही वजह है कि उनकी फिल्मों को दुनियाभर में सफलता मिलती है। ‘धुरंधर’ इस बात को दिखाती है कि जब परिस्थितियाँ बेहद कठिन होती हैं, तब भी भारतीय क्या कर सकते हैं। फिल्म में सब कुछ वास्तविक लगता है।”

देश के ऊपर कोई मतभेद नहीं
माधवन ने दो टूक शब्दों में कहा, “फिल्म असली घटनाओं से प्रेरित काल्पनिक कहानी है। इसमें दिखाया गया है कि हमारे देश पर हमले हुए हैं, बम धमाके हुए हैं, कंधार में विमान अपहरण हुआ और 26/11 जैसी घटनाएँ हुई। ऐसे में यह बताना जरूरी है कि हमारी सुरक्षा में जुटे लोग कौन हैं। मतभेद होना स्वाभाविक है, लेकिन देश से ऊपर कुछ नहीं।”

क्रिएटिव रूप से नए मुकाम पर
55 वर्ष की उम्र में नए प्रकार के रोल करने पर माधवन ने कहा, “मैं अब भी महसूस करता हूँ कि मैंने अपनी पूरी क्षमता से काम करना शुरू ही किया है। आने वाली फिल्में दिखाएंगी कि निर्देशक और कहानीकार मुझ पर कितना भरोसा रखते हैं।”

उन्होंने सोलो-लीड फिल्म की धारणा पर भी टिप्पणी की, “आज के दौर में सिर्फ एक लीड हीरो वाली फिल्म बॉक्स ऑफिस पर सफल नहीं होती। हॉलीवुड की तरह, पैरेलल लीड रोल भी उतने ही महत्वपूर्ण होते हैं। ‘धुरंधर’ में रणवीर सिंह को कहानी आगे बढ़ाने का सबसे ज्यादा स्पेस मिला। यही समझदारी भविष्य की फिल्मों की पहचान है।”

माधवन ने अंत में कहा कि केजीएफ और कांतारा जैसी सोलो-लीड फिल्में अपवाद हैं, नियम नहीं। उन्होंने यह भी माना कि ऐसी सफल कहानियों के पीछे दूसरे कलाकारों का योगदान भी अहम होता है।

 

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